घटना उत्तर प्रदेश के जनपद मथुरा की है। जनवरी 2022 में प्रधानी के चुनाव की रंजिश में कोकिलावन में परिक्रमा करते समय शेरगढ़ थाने के गांव पैगांव के ग्राम प्रधान रामवीर की तीन शूटरों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस मुकदमे में अमोल उर्फ अनमोल पहलवान मुख्य आरोपी था। इस मामले में उसे गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। बाद में वह जमानत पर बाहर आ गया था और गांव में खुलेआम घूम रहा था। इसी बात से रामवीर का बेटा कृष्णा उससे रंजिश मानता था।
दंगल कराने के लिए बुलाई गई थी पंचायत
अमोल गोरक्षा दल का जिलाध्यक्ष था और पहलवानी भी करता था। बताते हैं कि शुक्रवार दोपहर गांव में दंगल कराने के लिए पंचायत बुलाई गई थी। इसमें अमोल भी शामिल होने आया था। इसी बीच कृष्णा अपने कई साथियों के साथ वहां पहुंचा और अमोल के ऊपर ताबड़तोड़ गोलियां बरसाना शुरू कर दीं। गोलियां लगने से घटनास्थल पर ही अमोल की मौत हो गई।
गोलियां तड़तड़ाते ही गांव में मची अफरातफरी
भरी पंचायत में लाइसेंसी हथियारों से गोलियां तड़तड़ाने से लोगों में अफरातफरी मच गई। लोग अपनी जान बचाकर इधर-इधर भागकर छिपने लगे। अमोल के दम तोड़ते ही कृष्णा अपने साथियों के साथ फरार हो गया। अमोल के परिजन ने कृष्णा के साथ सरकारी गनर होने का आरोप भी लगाया है, जो उसे पिता की हत्या के बाद सरकार की तरफ से मिला हुआ था। अफसर इस मामले की जांच कर रहे हैं।
परिजनों ने हाईवे पर जाम लगाकर किया हंगामा
घटना के बाद गुस्साए परिजनों ने ग्रामीणों के साथ छाता में नेशनल हाईवे पर जाम लगा दिया और आरोपियों पर कार्रवाई की मांग करने लगे। सूचना पर एसएसपी शैलेश कुमार पांडेय पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे और लोगों को कार्रवाई का आश्वासन देकर शांत कराया, इसके बाद लोग हाईवे से हटे। इस दौरान करीब एक घंटे तक हाईवे पर जाम लगा रहा। वहीं पुलिस ने आरोपी कृष्णा को गिरफ्तार कर लिया है।
तनाव के मद्देनजर गांव में पुलिस फोर्स तैनात
घटना के बाद से गांव में दोनों पक्ष के बीच तनाव का माहौल है। किसी अनहोनी की आशंका के मद्देनजर एसएसपी ने गांव में पुलिस फोर्स तैनात कर दिया है। फिलहाल घटना के बाद से पूरे गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है। आरोपी पक्ष के ज्यादातर लोग घर से फरार है। पुलिस आरोपियों की तलाश में ताबड़तोड़ दबिश दे रही है।
चार आरोपी और गिरफ्तार
मामले में पुलिस ने पैगांव के ही रामबाबू पंडित, सत्यवीर, अरुण और भरतो उर्फ भरत को शनिवार दोपहर 12:45 बजे गिरफ्तार कर लिया। चारों गांव सेही में छाता रोड पर जाटों के मंदिर के पीछे झाड़ियों में छिपे हुए थे। उनके पास से लाइसेंसी पिस्टल, एक दोनाली बंदूक और कारतूस बरामद किए हैं। वहीं कृष्णा पहले ही पुलिस हिरासत में है। उसके कंधे में चोट लगने की वजह से उसे आगरा मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है।