बरेली जनपद में शुक्रवार रात बरेली-बीसलपुर रोड पर भीषण सड़क हादसा हो गया। मिर्ची ढाबा के पास तेज गति से दौड़ रही एक निजी बस और ईको वैन में आमने-सामने जोरदार भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी तेज हुई कि वैन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। इससे में वैन में सवार तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि 10 लोग बुरी तरह घायल हो गए। फायर ब्रिगेड की टीम ने वैन को कटर से काटकर शव बाहर निकाले। इस हादसे से तीन परिवारों की दिवाली काली हो गई और खुशियों की जगह मातम छा गया। उधर, हादसे का पता लगने पर एसपी सिटी मानुष पारीक समेत कई अधिकारी जिला अस्पताल जा पहुंचे।
बरेली के भुता इलाके में रात डेढ़ बजे हुआ हादसा
यह हादसा शुक्रवार रात करीब डेढ़ बजे हुआ। पुलिस के अनुसार इको वैन बरेली से सवारियां लेकर बीसलपुर की ओर जा रही थी। उसी दौरान सामने से तेज रफ्तार में आ रही एक प्राइवेट बस ने इको वैन में जोरदार टक्कर मार दी, जिससे वैन का अगला हिस्सा पूरी तरह चकनाचूर हो गया और उसमें सवार लोग बुरी तरह घायल हो गए। दोनों वाहनों की टक्कर होने की आवाज सुनकर आसपास के ढाबों में मौजूद लोग और ग्रामीण जाग गए और दौड़कर मौके पर जा पहुंचे। हादसे की सूचना फौरन पुलिस और फायर ब्रिगेड को दी गई।
क्षतिग्रस्त वैन को काटकर निकाले गए शव
हादसे के बाद मौके पर एकत्र हुए लोगों ने वैन में सवार लोगों को किसी तरह बाहर निकाला। इस बीच भुता थाना पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने देखा तो वैन के अगले हिस्से में शव बुरी तरह फंसे हुए थे, जिन्हें निकालने के लिए गैस कटर मंगाना पड़ा। करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद वैन को काटकर तीनों शव बाहर निकाले गए। इसके बाद घायलों एंबुलेंस से जिला अस्पताल भेज दिया गया।
मृतकों में दो युवक दियोरिया और एक बिलसंडा इलाके का निवासी
पुलिस के मुताबिक मृतकों में राकेश (30) पुत्र विजय बहादुर, गौरव (19) पुत्र सियाराम निवासी गांव लाम्हुआ, थाना दियोरिया, जिला पीलीभीत और जितेंद्र (32) पुत्र मनुराम निवासी परेवातुर्रा, थाना बिलसंडा, जिला पीलीभीत हैं। तीनों मजदूरी करने बरेली आए थे, सवारी न मिलने की वजह से देर रात वैन में बैठकर अपने घर लौट रहे थे।
हादसे में ये लोग हुए घायल
हादसे में घायल हुए यात्रियों में शिवशंकर, हरीशचंद्र, छोटेलाल, महेंद्र निवासी परेवातुर्रा, थाना बिलसंडा, कांता प्रसाद, अजय, अमित, भजनलाल उर्फ बड़े, वीरपाल उर्फ नन्नू और गोधन निवासी लाम्हुआ थाना दियोरिया शामिल हैं। घायलों में दो लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है। हादसे का पता लगने पर मृतकों और घायलों के परिवार वाले जिला अस्पताल जा पहुंचे, जिससे कोहराम मच गया।
ओवरटेक करने के दौरान हुआ हादसा
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बस चालक तेज रफ्तार में किसी वाहन को ओवरटेक करने की कोशिश कर रहा था। इसी दौरान सामने से आ रही इको वैन उसकी चपेट में आ गई। टक्कर इतनी जोरदार हुई कि वैन के परखच्चे दूर उड़ गए। हादसे के बाद चालक बस छोड़कर मौके से फरार हो गया। बस में कोई सवारी नहीं थी। पुलिस ने दोनों वाहनों को कब्जे में ले लिया है।
सड़क पर बिखरा सामान बता रहा हादसे की कहानी
हादसे के बाद मौके पर जा पहुंचा वहां का मंजर देखकर दिल दहल गया। सड़क पर यात्रियों के जूते-चप्पल, कपड़े, बैग और खाने-पीने का सामान चारों ओर बिखरा पड़ा था। वैन के शीशे और लोहे के टुकड़े सड़क पर दूर-दूर तक बिखर हुए थे। हादसे के बाद बरेली-बीसलपुर मार्ग पर लंबा जाम लग गया, जिससे यातायात ठप हो गया। पुलिस ने घंटों की मशक्कत के बाद जाम खुलवाया।
ग्रामीणों की तत्परता से बची गई कइयों की जान
हादसे का पता लगते ही आसपास के ग्रामीण दौड़ते हुए मौके पर जा पहुंचे और बचाव कार्य शुरू कर दिया। लोगों ने घायलों को बाहर निकालने में पुलिस की मदद की। ग्रामीणों ने बताया कि वैन में सवार लोग जोर-जोर से मदद के लिए गुहार लगा रहे थे। घायलों को कि यदि तुरंत सहायता नहीं मिलती तो अन्य कई लोगों की जान जा सकती थी।
धरतेरस के दिन लाम्हुआ और परेवातुर्रा गांव में छाया मातम
तीनों मृतक पीलीभीत जिले के रहने वाले हैं, जिनमें दो गांव लाम्हुआ और एक परेवातुर्रा निवासी हैं। हादसे का पता लगने पर तीनों परिवारों में कोहराम मच गया। पोस्टमार्टम के बाद शनिवार सुबह तीनों के शव उनके घर ले जाए गए। उनके शव को देखते ही परिजन बुरी तरह बिलख पड़े, जिससे कुछ ही देर में ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। शनिवार को दिनभर गांव में मातमी सन्नाटा पसरा रहा।