जनपद के मीरगंज कस्बे में बस्ती के बीच अवैध रूप से पटाखा बनाने का धंधा चल रहा था। गुरुवार शाम सीओ अजय कुमार के नेतृत्व में पुलिस और प्रशासन की टीम ने छापामार कार्रवाई कर इस अवैध धंधे का भंडाफोड़ कर दिया। पुलिस को मौके पर भारी मात्रा में विस्फोटक (गंधक, पोटाश व अन्य रासायनिक पदार्थ) सामान का भंडार मिला, जिसे जब्त कर लिया गया। बताते हैं कि बरामद पदार्थों का उपयोग पटाखा बनाने में किया जाता था।
सीओ मीरगंज अजय कुमार को लखनऊ-दिल्ली हाईवे से कस्बा की ओर जाने वाले मार्ग पर बस्ती के बीच एक दुकान में अवैध विस्फोटक सामग्री छिपाकर रखी होने की सूचना मिली। इसके बाद बृहस्पतिवार शाम करीब छह मीरगंज एसडीएम आलोक कुमार, सीओ अजय कुमार और थाना प्रभारी प्रयागराज सिंह ने पुलिस टीम के साथ मौके जाकर छापेमारी की। पुलिस ने दुकान का शटर खोला तो अंदर का नजारा देख सभी दंग रह गए। दुकान के अंदर विस्फोटक सामग्री से भरे हुए थैले, बोरियां और डिब्बे रखे थे। उनके अंदर से गंधक और पोटाश जैसी तेज गंध निकल रही थी।
पुलिस के अनुसार बरामद की गई सामग्री में गंधक, पोटाश, एलुमिनियम पाउडर और अन्य रासायनिक पदार्थ हैं, जो पटाखा बनाने में प्रयोग किए जाते हैं। प्राथमिक जांच में पता चला है कि दुकानदार बिना लाइसेंस के इन रसायनों का भंडारण और बिक्री कर रहा था। इससे कभी बड़ा हादसा हो सकता था। कुछ लोगों का कहना था कि बरामद विस्फोटक से अवैध रूप से आतिशबाजी बनाकर बेची जाती थी।
पुलिस के मुताबिक जिस दुकान पर छापेमारी की गई उसका मालिक अजीम पुत्र हिदायतुल्ला निवासी मोहल्ला सूफी टोला कस्बा मीरगंज की है। मीरगंज थाने आरोपी अजीम के खिलाफ विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पुलिस टीम ने उसके घर और अन्य संभावित ठिकानों पर दबिश दी गई, लेकिन आरोपी हाथ नहीं आ सका।
विस्फोटम मिलने पर दहशत में आए लोग
भारी मात्रा में विस्फोटक पदाथ बरामद होने पर आसपास के लोग दहशत में आ गए। लोगों का कहना था कि हाल ही दीपावली का पर्व हुआ है। अतिशबाजी के दौरान छोटी सी चिंगारी दुकान के अंदर पहुंच जाती तो बड़ा हादसा हो सकता था। कुछ लोगों का कहना है कि यहां अवैध धंधा काफी दिनों से चल रहा था।
सीओ अजय कुमार ने बताया कि छापेमारी में बरामद विस्फोटक पदार्थों की मात्रा अत्यधिक है। सभी सामग्री कब्जे में लेकर फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। जिस दुकान में सामग्री बरामद हुई उसे सील कर दिया गया है। पुलिस ने विस्फोटक पदार्थ रखने वाले आरोपी की तलाश कर रही है।
एसडीएम मीरगंज आलोक कुमार ने बताया कि जिस तरह आबादी के बीच खतरनाक पदार्थों का भंडारण किया गया था, वह पूरे इलाके को जोखिम में डाल सकता था। छोटी सी चिंगारी से बड़ा हादसा हो सकता था। यह मामला अत्यंत गंभीर है और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।