पुलिस ने उपद्रवियों को असलाह सप्लाई करने वाले दो आरोपियों को भेजा जेल
शहर में 26 सितंबर को हुए बवाल से पहले उपद्रवियों को अवैध असलाह मुहैया कराने वाले दो आरोपियों को बहेड़ी पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। आरोपी अवैध हथियार उत्तराखंड में सप्लाई करने जा रहे थे। तभी पुलिस ने उन्हें शेरगढ़ अड्डे नी दबोच लिया। पकड़े गए आरोपियों के पास पांच पिस्टल, दो तमंचे और कारतूस बरामद हुए हैं। पुलिस ने पूछताछ के बाद दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया।
गुरुवार को एसएसपी कार्यालय परिसर स्थित अपने आफिस में पत्रकारों से बात करते हुए एसपी उत्तरी मुकेश चंद्र मिश्रा ने बताया कि बहेड़ी पुलिस ने चेकिंग के दौरान जिले और आसपास के जनपदां के अलावा सीमावर्ती राज्य उत्तराखंड में अवैध शस्त्रों की सप्लाई करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह के 2 सदस्यों को शेरगढ़ अड्डे से गिरफ्तार कर लिया। उनके पास अवैध पिस्टल, 36 जिंदा कारतूस, 2 तमंचे, और 12 बोर के कारतूस बरामद किए है।
पकड़े गए आरोपी बहेड़ी थाने के कुख्यात हिस्ट्रीशीटर इशरत अली के सहयोगी हैं। पकड़े गए आरोपियों में एक ने अपना नाम तसलीम निवासी जोखनपुर थाना बहेड़ी और दूसरे ने सोमू खान उर्फ औशाफ निवासी बरीपुरा थाना शेरगढ़ बताया है। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वह इशरत अली की कार से उधमसिंह नगर जिले के थाना किच्छा के गांव दरऊ के प्रधान गफ्फार और समीर को असलाह सप्लाई करने जा रहे थे।
मौलाना तौकीर के करीबी फरहत के कहने पर किए गए थे हथियार सप्लाई
अतर्राज्यीय गिरोह के दो हथियार सप्लायरों की गिरफ्तारी के बाद शहर में 26 सितंबर को हुए बवाल में फायरिंग में इस्तेमाल हथियारों की आमद की कड़ी भी सुलझ गई है। पुलिस का दावा है कि गिरफ्तार दोनों हथियार तस्करों ने स्वीकार किया है कि बरेली बवाल में इस्तेमाल किए गए हथियारों की सप्लाई भी उन्होंने ही की थी। आईएमसी प्रमुख मौलाना तौकीर रजा के करीबी फरहत अली और उसके हिस्ट्रीशीटर भाई इशरत अली के कहने पर ही हथियारों की सप्लाई की गई है, जिन्हें बवालियों को उपलब्ध कराए गए थे।
एसपी उत्तरी मुकेश चंद्र मिश्रा ने बताया कि बहेड़ी पुलिस ने गुरुवार को गिरफ्तार किए गए हथियार सप्लायरों तसलीम निवासी जोखनपुर थाना बहेड़ी और सोमू खान उर्फ औशाफ निवासी बरीपुरा थाना शेरगढ़ ने पूछताछ में बताया कि बहेड़ी थाने का हिस्ट्रीशीटर इशरत अली आईएमसी प्रमुख मौलाना तौकीर रजा खां के करीबी फरहत अली का सगा भाई है। फरहत को बरेली बवाल के बाद मौलाना तौकीर रजा खां के साथ गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ में सोमू खान ने बताया कि उसने 26 सितंबर 2025 को फरहत अली और इशरत अली के कहने पर भारी मात्रा में पिस्टल, तमंचे और कारतूस गाड़ी से ले जाकर झुमका तिराहे पर इशरत अली के भेजे गए आदमी को दिए थे।
मौलाना तौकीर फाइक इंक्लेव में बैठकर रख रहा था नजर
एसपी उत्तरी के अनुसार पूछताछ में सामने आया है कि आईएमसी प्रमुख मौलाना तौकीर रजा खां बरेली बवाल से एक दिन पहले ही पुलिस को चकमा देकर अपने करीबी फाइक इंक्लेव निवासी फरहत के घर चला गया था। पुलिस का मानना है कि बरेली बवाल के दिन शहर में कई जगह भीड़ ने पुलिस कर्मियों पर अवैध असलहों से फायरिंग की थी। इन सभी को असलहे फरहत और इशरत अली ने सोनू खान के माध्यम से सप्लाई कराकर भीड़ को मुहैया कराए थे, जबकि मौलाना तौकीर रजा खां फाइक इंक्लेव निवासी फरहत अली के घर बैठकर पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए था।