कोलकाता में सोमवार को भी जूनियर डॉक्टर का विरोध-प्रदर्शन जारी रहा, इसके चलते प्रदेश में सरकारी अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित रही। ओपीडी में केवल वरिष्ठ चिकित्सक ही मरीजों का इलाज कर रहे हैं। प्रदर्शनकारी डॉक्टरों का कहना है कि घटना को 11 दिन बीत चुके हैं लेकिन अब तक हैवानियत करने वाले का पता नहीं चल सका है। जब तक इस मामले में इंसाफ नहीं मिलता उनका विरोध-प्रदर्शन जारी रहेगा।
दिल्ली में निर्माण भवन के बाहर दे रहे ओपीडी सेवा
कोलकाता की घटना के विरोध में देश भर में डॉक्टर काम बंद कर प्रदर्शन कर रहे हैं। दिल्ली में चिकित्सकों ने सोमवार को निर्माण भवन के बाहर ओपीडी सेवा देने का फैसला किया। एम्स के रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन के मुताबिक रेजिडेंट डॉक्टर सोमवार को निर्माण भवन के बाहर मरीजों को मेडिसिन, सर्जरी, प्रसूति एवं स्त्री रोग, बाल रोग, नेत्र रोग और हड्डी रोग समेत लगभग 36 ओपीडी सेवाएं प्रदान करने के लिए उपलब्ध रहेंगे।
डॉक्टरों का कहना है कि अस्पतालों में आपातकालीन सेवाएं पहले की तरह जारी रहेंगी। डॉक्टर सरकार से केंद्रीय सुरक्षा अधिनियम लाने की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि जब तक मांगें पूरी नहीं हो जातीं, अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी रहेगी। हड़ताल में एम्स, राम मनोहर लोहिया अस्पताल, सफदरजंग अस्पताल, गुरु तेग बहादुर अस्पताल, मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज और लेडी हार्डिंग मेडिकल कॉलेज के डॉक्टर शामिल हैं।
पीड़िता की फोटो शेयर करने वाला गिरफ्तार
पीड़िता की पहचान सोशल मीडिया पर उजागर करने और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को धमकी देने के आरोपी को सोमवार को कोलकाता में गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी ने इंस्टाग्राम पर घटना से संबंधित तीन खबरें अपलोड की थीं, जिनमें पीड़िता की तस्वीर और पहचान का खुलासा किया गया था। आरोपी ने मुख्यमंत्री के खिलाफ भी आपत्तिजनक टिप्पणियां की थीं और उन्हें जान से मारने की धमकी दी थी।