पीलीभीत के पूरनपुर थाना क्षेत्र में रहने वाली युवती के मुताबिक वह उत्तराखंड में एक कंपनी में काम करती है। उसके साथ ही प्रेमशंकर गुप्ता नाम का युवक काम करता था। उसने अपना नाम निहाल खान बताकर उससे नजदीकियां बढ़ा ली। इसके बाद उसे प्रेमजाल में फंसा लिया। वह मुस्लिम समझकर उसकी बातों में आ गई। आरोपी ने उसकी सहमति के बिना कई बार उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए।
युवती के मुताबिक आरोपी दस जुलाई को अपने रिश्तेदार के यहां ले जाने की बात कहकर उसे अगस्त्य मुनि आश्रम लेकर आया। वहां पंडित केके शंखधार ने अपने साथियों के साथ उसे पकड़ लिया और मारपीट करने लगे। उसकी गर्दन पर चाकू रखकर जबरन धर्मपरिवर्तन करा दिया। विरोध करने पर उसे पीटा और कमरे में बंद कर दिया।
आरोपी के भाई पर भी साजिश में शामिल होने का आरोप
युवती ने बताया कि प्रेमशंकर ने पूरी योजना के साथ घटना को अंजाम दिया। पहले वह उसे अपने भाई रतन गुप्ता के घर लेकर गया। वहां भाई के साथ मिलकर पूरी योजना बनाई। इसके बाद दोनों उसे लेकर अगस्त्य मुनि आश्रम पहुंचे। जहां पंडित केके शंखधार ने मारपीट कर उसका धर्मपरिवर्तन कराया और उसकी जबरन शादी करा दी। आरोपियों ने उसे धमकी दी कि इस बारे में अगर किसी को बताया तो उसे जान से मार देंगे। शनिवार को युवती आईएमसी के प्रदेश संगठन प्रभारी नदीम कुरैशी के साथ एसएसपी आवास पहुंची और शिकायती पत्र दिया।
अपनी मर्जी से आई थी युवती, सारे साक्ष्य मौजूद
इस मामले में पंडित केके शंखधार का कहना है कि युवती अपनी मर्जी से शादी करने के लिए आश्रम आई थी। वह उन लोगों को जानते तक नहीं है। मामले से संबंधित वीडियो और अन्य साक्ष्य हमारे पास मौजूद हैं। लड़की बालिग है और उसके सभी प्रमाण पत्र देखने के बाद भी विवाह कराया गया। उन्होंने कहा कि पुलिस के मांगने पर सभी साक्ष्य उपलब्ध करा देंगे।