समारोह में मुख्य अतिथि रहे रामहरि कहा कि विनोबा भावे ने आजादी से पहले भारत की जैसी कल्पना की थी, उसको धरातल पर उतारने का कार्य किया। आचार्य भावे स्वतंत्रता संग्राम सेनानी, सामाजिक कार्यकर्ता, प्रसिद्ध गांधीवादी नेता थे। उन्होंने गांधीजी के साथ मिलकर देश को सुधारने का कार्य किया।
उन्होंने भूदान यज्ञ नाम के आंदोलन की शुरुआत की। इस आंदोलन में लोग अपनी जमीन देते थे, जिसे बाद में भूमिहीन लोगों को वितरित किया गया। विनोबा भावे के विचारों को अपनाकर जीवन में कई सकारात्मक बदलाव कर सकते हैं। सेवाभाव, निडरता और कर्म जैसी चीजों पर उनके विचार जीवन बदलने वाले हैं। विनोबा एक अहिंसक और स्वतंत्रता के कार्यकर्ता, समाज सुधारक और आध्यात्मिक शिक्षक थे।
समारोह से पहले उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने आश्रम गेट पर एंबुलेंस को झंडी दिखाकर रवाना किया। इसके बाद प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बनतारा में गर्भवती महिलाओं की गोदभराई और शिशुओं को अन्नप्राशन कराया। इसके बाद अफसरों के साथ समीक्षा बैठक की।
कार्यक्रम में ये रहे मौजूद
कार्यक्रम में विधायक अरविंद कुमार सिंह, हरीप्रकाश वर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष केसी मिश्रा, महानगर अध्यक्ष शिल्पी गुप्ता, जिला पंचायत अध्यक्ष ममता यादव, विनोबा सेवा आश्रम के संस्थापक रमेश, संरक्षक विमला, सीडीओ डॉ. अपराजिता सिंह, एडीएम संजय कुमार पांडेय आदि उपस्थित रहें।