आयोजन समिति के चेयरमैन और पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने शुक्रवार को शाहजहांपुर में रामचंद्र मिशन आश्रम और दीवान जोगराज में बाबूजी महाराज के आवास पर पहुंचकर श्रद्धा सुमन अर्पित किए और गुरु सत्ता को प्रणाम किया।
पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद सुबह करीब साढ़े दस बजे हेलीकॉप्टर से रिलायंस पावर परिसर में उतरे। वहां से सड़क मार्ग से मिश्रीपुर स्थित रामचंद्र मिशन आश्रम पहुंचे। वहां उन्होंने महात्मा रामचंद्र महाराज की समाधि पर श्रृद्धा सुमन अर्पित किए और ध्यान किया। उनके साथ प्रदेश सरकार के वित्तमंत्री सुरेश खन्ना भी मौजूद रहे।
शाहजहांपुर में पूर्व राष्ट्रपति का स्वागत करते लोग।
इस दौरान आशीष सिंह, माधो गोपाल अग्रवाल, आश्रम प्रबंधक दीपक त्यागी, गोपाल अग्रवाल, हर्षवर्धन अग्रवाल, राजगोपाल अग्रवाल, भाजपा महानगर अध्यक्ष शिल्पी गुप्ता, सुयश सिन्हा, आनंद मिश्रा, कृष्णा भारद्वाज, सहित तमाम लोग मौजूद रहे। बाबूजी महाराज के आवास पर उनके पुत्र सर्वेश चंद्रा व पुत्रवधु अमिता चंद्रा ने उनका स्वागत किया।
कॉटेज और आश्रम का किया भ्रमण
ध्यान करने के बाद पूर्व राष्ट्रपति ने बाबूजी महाराज और चारीजी महाराज के कॉटेज और आश्रम का भ्रमण किया। ध्यान कक्ष में उन्होंने स्थानीय लोगों से मुलाकात की। पूर्व राष्ट्रपति ने कहा कि शाहजहांपुर की एक छोटी सी गली से निकलकर रामचंद्र मिशन आज विश्व के 165 से अधिक देशों में मानव कल्याण के लिए काम कर रहा है।
सहजमार्ग साधना का रोपा बीज आज बन चुका है वटवृक्ष
पूर्व राष्ट्रपति ने कहा कि करीब सात दशक पूर्व महात्मा रामचंद्र महाराज ने सहजमार्ग साधना पद्धति का जो बीज रोपा था, वह आज एक वटवृक्ष बन चुका है। जिसकी छतछाया में आज विश्व के लाखों लोग ध्यान के माध्यम से ईश्वर साक्षात्कार के लिए सतत प्रयासरत हैं। शाहजहांपुर की धरा धन्य है और किसी तीर्थ स्थल से कम नहीं है।
उन्होंने कहा कि 1922 के जून में बीस वर्ष की उम्र में, वह अपने आध्यात्मिक गुरु महात्मा रामचंद्र महाराज (लालाजी) से मिले, जो फतेहगढ़ के निवासी थे। लालाजी की आध्यात्मिक विरासत को आगे बढ़ाना बाबूजी के जीवन का एकमात्र लक्ष्य बन गया। 1945 में बाबूजी ने अपने गुरु के सम्मान में श्री रामचंद्र मिशन की स्थापना की।
बाबूजी ने अपने जीवन को मानवता के आध्यात्मिक उत्थान के लिए समर्पित किया। पूर्व राष्ट्रपति ने कहा कि रामचंद्र मिशन के अध्यक्ष और हार्टफुलनेस मैडीटेशन के ग्लोबल गाइड कमलेश डी पटेल दाजी के नेतृत्व में सहजमार्ग साधना पद्धति का दीप हर घर और हृदय में दैदीप्यमान हो रहा है।