ओमकार गंगवार, मीरगंज (बरेली)
पंजाब और देश की राजधानी दिल्ली में बाढ़ की भयावह स्थिति
बनने के बाद अब बरेली जनपद के मीरगंज तहसील इलाके से होकर बह रही रामगंगा और
भाखड़ा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। जिससे दोनों ही नदिया उफान पर है ! और
हजारो बीघा जमीन में खड़ी फासले जलमग्न हो गई है ! एवं भूमि का कटान भी तेजी से
होने लगा है! जिससे किसानो की बर्बादी की इबारत लिखना शुरू हो गया है !
मीरगंज तहसील के शाही इलाके की बात की जाए तो
बहगुल-किच्छा नदी के निशाने पर गांब छोटा वसावनपुर और थानपुर गांवों की आबादी तक पानी पहुंच चुका है। बहगुल नदी का पानी छोटे वसावनपुर में देवस्थान और घरों में घुस गया है, वहीं थानपुर में नदी की धारा आबादी को डुबोने लगी है। और गांब सेहा बसाबनपुर बहगुल-किच्छा नदी के निशाने पर गांब छोटा वसावनपुर और थानपुर गांवों की आबादी तक पानी पहुंच चुका है। बहगुल नदी का पानी छोटे वसावनपुर में देवस्थान और घरों में घुस गया है, वहीं थानपुर में नदी की धारा आबादी को डुबोने लगी है। और गांब सेहा बसाबनपुर,आनंद पुर, भमोरा,
डूंगर पुर, विहारी पुर,गौस गंज,मकरी खोह, फिरोजपुर,कुल्छा, भटौली नगला ,और
सुल्तानपुर व बसई आदि गांब की जमीनों को नदी ने चपेट में ले लिया है ! और जगह जगह
जमीन का कटान भी तेजी से होने लगा है!
इसके अलाबा रामगंगा नदी उपजाऊ खेतों को काटते हुए ततारपुर,
कपूरपुर, मदनापुर और
सिमरिया, गोरा लोकनाथपुर एव गोरा हेमराजपुर, लभेड़ा पुरोहित, करनपुर, मोहम्मद गंज,
श्यामपुर, गांव तक पहुंच गई है। सैकड़ों बीघा फसल जलमग्न हो चुकी है और खेतों में
खड़ी फसल का कटान तेजी से जारी है। इबारत भी लिखी जानी शुरू हो चुकी है ! किसानो
ने खेतो में खड़ी फसल समेत जमीन कटकर नदियों में समाते देख माथा पीटना शुरू कर दिया
है ! वहीँ प्रशासन भी अलर्ट मोड़ पर आ गया है और हर गतिविधि पर नजरें बनाये हुए है !तिविधि पर नजरें बनाये हुए है !
हाईवे और शाही नदी के समीप बने पुल पर भी मंडरा रहा खतरा
थानपुर के पास बहगुल की धारा ने नेशनल हाईवे की
ढलान को काटना शुरू कर दिया है। ग्रामीणों के मुताबिक नदी पिचिंग के पास की मिट्टी
काट चुकी है और पानी घटते ही कटान और तेज हो सकता है। इससे लोग दहशत में हैं। इसी
तरह किच्छा नदी की धार मुड़ने से शाही क़स्बा के समीप बने पुल के एप्रोच रोड को भी कटने
का खतरा पैदा हो गया है !