जागरण टुडे, कासगंजः
थाना गंजडुंडवारा थाना क्षेत्र स्थित मायके में रह रही विवाहिता की मौत हो गई। मौत की खबर सुनकर कोई भी सुसराल पक्ष नहीं पहुंचा। मायके पक्ष के लोगों ने विवाहिता का इलाज न कराने और उसका उत्पीड़न करने का आरोप लगाया है। फिलहाल पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्ट मार्टम के लिए भेज दिया है।
गांव अजीजपुर निवासी वीरपाल ने बताया कि करीब 10 वर्ष पूर्व मीना का विवाह जनपद फिरोजाबाद थाना एका के गांव झाल गोपालपुर निवासी शैलेंद्र उर्फ बीपी के साथ हुआ था। शादी के बाद से ही शैलेंद्र अक्सर मीना के साथ मारपीट करता था। लगभग छह महीने पहले भी शैलेंद्र ने मारपीट की, जिसके बाद मायके वाले मीना को अपने घर ले आए। तब से ससुराल पक्ष ने कोई सुध नहीं ली।
परिजनों ने बताया कि मीना की तबीयत लंबे समय से खराब चल रही थी। करीब 15 दिनों से हालत बिगड़ने पर उसे निजी चिकित्सक को दिखाते रहे। गुरुवार को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां से अलीगढ़ मेडिकल कॉलेज के लिए रेफर कर दिया गया। लेकिन रात करीब डेढ़ बजे रास्ते में ही मीना की मौत हो गई।
परिजनों ने बताया कि घटना की सूचना ससुराल पक्ष को दी गई, लेकिन वहां से कोई नहीं पहुंचा। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
मीना अपने पीछे सात वर्षीय बेटे दिव्यांश को छोड़ गई है। मां की मौत की खबर से मासूम का रो-रोकर बुरा हाल है।