जागरण टुडे, बरेली
बरेली जोन के अपर पुलिस महानिदेशक (एडीजी) रमित शर्मा ने शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए वरिष्ठ अधिकारियों और थाना प्रभारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में जनशिकायत निवारण प्रणाली (आईजीआरएस) के प्रभावी क्रियान्वयन, आगामी त्योहारों की सुरक्षा, महिला सुरक्षा और साइबर अपराध की रोकथाम आदि बिंदुओं पर चर्चा हुई।
एडीजी ने निर्देश दिए कि आईजीआरएस पर आने वाली शिकायतों का त्वरित और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण किया जाए। मिथ्या रिपोर्ट लगाने वाले जांच अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि शिकायतकर्ता की संतुष्टि ही अधिकारियों के प्रदर्शन का वास्तविक पैमाना होगी। आगामी विश्वकर्मा पूजा, महाराजा अग्रसेन जयंती, शारदीय नवरात्र, दुर्गा पूजा और दशहरा को शांति और सौहार्द के साथ सम्पन्न कराने के लिए विस्तृत कार्ययोजना बनाने को कहा गया। भीड़ नियंत्रण, यातायात व्यवस्था और संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी के निर्देश दिए गए।
एडीजी रमित शर्मा ने कहा कि महिला और बेटियों की सुरक्षा सरकार की शीर्ष प्राथमिकता है। उन्होंने महिला सुरक्षा हेतु विशेष दल, पिंक बूथ और महिला हेल्प डेस्क को तत्काल सक्रिय करने के निर्देश दिए। मिशन शक्ति के तहत विद्यालयों, कॉलेजों, सार्वजनिक स्थलों और त्योहारों पर लगने वाले मेलों में महिला सुरक्षा गश्त और जागरूकता कार्यक्रम चलाने को कहा गया।
बैठक में सभी अधिकारियों को नियमित रूप से फुट पेट्रोलिंग करने और भीड़भाड़ वाले इलाकों में पुलिस की उपस्थिति बढ़ाने के निर्देश दिए गए। साथ ही, साइबर अपराधों से बचाव के लिए जनता को जागरूक करने और हेल्पलाइन नंबर 1930 के प्रचार पर जोर दिया गया। साइबर शिकायतों के त्वरित निस्तारण के लिए डीजी परिपत्र 32/2025 का अनुपालन कराने के निर्देश दिए।
इस समीक्षा बैठक में डीआईजी बरेली परिक्षेत्र अजय कुमार साहनी, नौ जनपदों के एसएसपी/एसपी, 20 एएसपी, 75 क्षेत्राधिकारी और 203 थाना प्रभारी शामिल हुए। इसके अलावा 259 आईजीआरएस टीमें, 190 महिला सुरक्षा दल और नौ साइबर थाने के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया।
बैठक के बाद सभी थाना प्रभारियों को अपने क्षेत्र में फुट पेट्रोलिंग और महिला सुरक्षा गश्त शुरू करने का टास्क दिया गया। शारदीय नवरात्र के मद्देनजर महिला सुरक्षा दलों को तत्काल सक्रिय कर दिया गया है।