आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन उत्तर प्रदेश, लखनऊ तथा जिलाधिकारी मथुरा के निर्देश पर दीपावली पर्व से पहले खाद्य सुरक्षा विभाग ने जिलेभर में सघन जांच अभियान चलाया।
मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी ज्ञानपाल सिंह के नेतृत्व में 8 और 9 अक्टूबर 2025 को चली इस कार्रवाई के दौरान कुल 12 खाद्य पदार्थों के नमूने एकत्र किए गए। इनमें वृंदावन से सांभर व पेड़ा, बल्देव से सरसों का तेल, होलीगेट से घी, टाउनशिप से मिल्क केक, नौहझील से घी और बाजना से मिश्रित दूध के दो नमूने शामिल हैं।
इसके साथ ही बिना खाद्य अनुज्ञप्ति के संचालित इंडस्ट्रियल एरिया स्थित निर्माण इकाई से रिफाइंड सोयाबीन ऑयल का एक नमूना तथा इंटरएस्टेरीफाइड वेज फैट के तीन नमूने लिए गए। मौके पर शेष बचे लगभग 3957 लीटर इंटरएस्टेरीफाइड वेज फैट (कीमत ₹7,37,715) को सीज किया गया।
इस अभियान में खाद्य सुरक्षा अधिकारी राम नरेश, जितेंद्र सिंह, दलबीर सिंह, अरुण कुमार, रीना शर्मा, मोहर सिंह कुशवाह, भरत सिंह और धर्मेंद्र सिंह शामिल रहे।
इसके अलावा खाद्य सुरक्षा अधिकारी रीना शर्मा द्वारा एफ.एस.डब्ल्यू. (सचल खाद्य प्रयोगशाला) वाहन के माध्यम से वृंदावन के उच्च प्राथमिक विद्यालय में आई.ई.सी. जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। विद्यार्थियों को घरेलू स्तर पर खाद्य पदार्थों में अपमिश्रण की जांच और फास्ट फूड से होने वाले नुकसान के बारे में बताया गया।
वहीं, अरुण कुमार के पर्यवेक्षण में बल्देव के अवैरनी चौराहे पर खाद्य पदार्थों की जांच की गई। लैब टेक्नीशियन ने मौके पर ही जांच की और आम जनता व कारोबारियों को मिलावट के प्रति जागरूक किया।