बदायूं शहर में यातायात पुलिस का मानवीय चेहरा सामने आया जब यातायात प्रभारी के हमराह मुख्य आरक्षी प्रभात श्रीवास्तव ने अपनी सतर्कता और तत्परता से एक व्यक्ति की जान बचा ली। यह घटना शहर के पुलिस लाइन चौराहे के पास की है, जहाँ प्रभात श्रीवास्तव यातायात प्रभारी के साथ ट्रैफिक व्यवस्था दुरुस्त कर रहे थे।
इसी दौरान इंद्रचौक की ओर से आ रही एक पिकअप गाड़ी अचानक सड़क के बीच रुक गई, जिससे मौके पर ट्रैफिक जाम की स्थिति बन गई। जब मुख्य आरक्षी प्रभात श्रीवास्तव जाम का कारण जानने पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि पिकअप चालक ड्राइवर सीट पर बेहोश पड़ा हुआ था। बिना देर किए उन्होंने तुरंत चालक को गाड़ी से बाहर निकालकर आनन-फानन में जिला अस्पताल पहुंचाया, जहाँ डॉक्टरों की टीम ने समय रहते उसका उपचार शुरू किया।
डॉक्टरों ने बताया कि समय पर पहुंचाए जाने से चालक की स्थिति में अब सुधार है। प्रभात श्रीवास्तव की त्वरित कार्रवाई ने न सिर्फ एक व्यक्ति की जान बचाई, बल्कि यह भी दिखाया कि पुलिस केवल कानून व्यवस्था के लिए नहीं, बल्कि जनसेवा और मानवीय मूल्यों के लिए भी प्रतिबद्ध है।
स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों ने मुख्य आरक्षी प्रभात श्रीवास्तव तथा यातायात प्रभारी की तत्परता और संवेदनशीलता की जमकर सराहना की। लोगों ने कहा कि ऐसे पुलिसकर्मी ही समाज में पुलिस की सकारात्मक छवि को मजबूत करते हैं।
यातायात विभाग ने भी इस सराहनीय कार्य के लिए प्रभात श्रीवास्तव की प्रशंसा करते हुए कहा कि ऐसे कर्मठ और संवेदनशील पुलिसकर्मी विभाग की असली पहचान हैं।