जागरण टुडे, बरेली। परिवहन निगम ने यात्रियों की सुविधा के लिए एक नई पहल शुरू की है, जिसके तहत मासिक सीजन टिकट (एमएसटी) बनाने की प्रक्रिया पूरी तरह से ऑनलाइन हो गई है। नई व्यवस्था के तहत यात्रियों को स्मार्ट कार्ड जारी किए जा रहे हैं, जिन्हें हर महीने नया कार्ड बनवाने की बजाय रिचार्ज कराया जा सकता है। इससे छात्रों, नौकरीपेशा और नियमित यात्रा करने वालों को राहत मिलेगी।
बरेली रीजन में चार डिपो हैं। इनमें बरेली डिपो से 210, रुहेलखंड डिपो से 223, बदायूं डिपो से 172 और पीलीभीत डिपो से 115 बसों का संचालन होता है। यहां से लखनऊ, कानपुर, प्रयागराज, दिल्ली, देहरादून, चंडीगढ़, राजस्थान समेत कई शहरों के लिए रोडवेज बसें चलती हैं। इनमें नौकरी पेशा, विद्यार्थी व नियमित यात्रा करने वाले यात्री भी सफर करते हैं। बरेली परिक्षेत्र से एक हजार से अधिक एमएसटी धारक जुड़े हैं। अभी तक एमएसटी डिपो या फिर संबंधित बस स्टैंड पर बनती थी। इसमें समय की बर्बादी से लोग परेशान रहते थे। अब उन्हें परेशानी नहीं झेलनी होगी। नई व्यवस्था के लिए मुख्यालय स्तर पर सभी डिपो के एमएसटी बनाने वाले बाबुओं को प्रशिक्षण दिया जा चुका है।
एमएसटी रिचार्ज के लिए मिलेगा कोड
एक नवंबर से परिवहन निगम की वेबसाइट पर स्मार्ट एमएसटी कार्ड बनाने की सुविधा शुरू कर दी गई है। एमएसटी के लिए आवेदक को 18 दिन का किराया जमा करना होगा। जैसे बरेली से पीलीभीत का किराया 89 रुपये है। एक महीने की एमएसटी के लिए कुल 1458 रुपये जमा करने होंगे। यही नहीं, एक बार स्मार्ट एमएसटी कार्ड बनने के बाद हर महीने यात्री को डिपो पर नहीं आना होगा। यात्री को रोडवेज की तरफ से एक कोड दिया जाएगा। इससे वह हर महीने एमएसटी को रिचार्ज करवा सकेगा।
छात्रों को सिर्फ 300 रुपये में मिलेगी स्मार्ट एमएसटी
स्मार्ट एमएसटी कार्ड बनवाने के लिए छात्रों को 300 रुपये जमा करने होंगे। इस कार्ड से छात्रों को नियमित यात्राओं की तुलना में लगभग 40 प्रतिशत तक किराए में छूट मिलेगी। यह कार्ड किसी भी बस स्टेशन से रिचार्ज करवाया जा सकता है। इस योजना का लाभ जिला मुख्यालय से 60 किमी की सीमा में आने वाले छात्र उठा सकेंगे। ऐसे में जो छात्र रोजाना पढ़ाई के लिए लंबी दूरी तय करते हैं, उन्हें भारी किराए से राहत मिलेगी।