आंवला सीएचसी से एक प्रसूता को गंभीर हालत में रेफर कर दिया गया, जिसकी जिला महिला अस्पताल पहुंचने पर मौत हो गई। बताते हैं कि दो दिन पहले महिला का प्रसव हुआ था। प्रसव के दो घंटे बाद ही महिला को सीएचसी से डिस्चार्ज कर दिया गया था। हालत बिगड़ने पर उसे दोबारा सीएचसी पर लेकर पहुंचे थे।
आंवला इलाके के गांव नगरिया निवासी रमनपाल ने प्रसव पीड़ा होने पर पत्नी नीरज को 9 नवंबर को आंवला सीएचसी में भर्ती कराया। 9 बजे मरीज का सुरक्षित प्रसव हुआ। जच्चा-बच्चा दोनों की हालत स्थिर थी। इस पर परिजनों उसे डिस्चार्ज कराकर दो घंटे बाद ही घर ले गए। 10 नवंबर को सुबह करीब चार बजे उसे रक्तस्राव होने लगा। परिजन दोबारा उसे लेकर सीएचसी पर पहुंचे। स्टाफ ने मरीज की हालत गंभीर देख जिला महिला अस्पताल रेफर कर दिया। सोमवार सुबह करीब 4 बजे मरीज जिला महिला अस्पताल के लेबर रूम में भर्ती किया गया। मरीज को गंभीर रक्तस्राव के साथ उल्टी और दर्द की समस्या थी। स्टाफ ने तुरंत इलाज शुरू कर दिया, मगर आधे घंटे बाद ही मरीज की सांसें थम गईं।
मरीज की मौत की सूचना स्टाफ ने दी थी, मरीज की हालत काफी गंभीर थी, प्रसवोत्तर रक्तस्राव (पीपीएच) होने की आशंका डॉक्टर ने जताई है। हालांकि, डॉक्टर की सलाह पर ही मरीज को डिस्चार्ज कराना चाहिए था।- डॉ. त्रिभुवन प्रसाद, सीएमएस