फहीम अख्तर
जागरण टुडे, कासगंज।
गुरूवार से जनपद में विवाह, लग्न-मुहूर्त और अन्य मांगलिक आयोजनों का मौसम चरम पर है। इन अवसरों पर होटल, बैंक्वेट हाल, मैरिज होम्स, फार्म हाउस और लॉन इत्यादि में मदिरापान की व्यवस्था प्रायः की जाती है। लेकिन बिना अनुमति शराब परोसने की प्रवृत्ति के चलते न केवल अवैध शराब की आपूर्ति का खतरा बढ़ जाता है, बल्कि राज्य सरकार को राजस्व की भी हानि होती है।
इसी समस्या के समाधान और इच्छुक आयोजकों को वैधानिक रूप से उच्च गुणवत्ता की मदिरा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से आबकारी विभाग ने “ओकेजनल बार लाइसेंस (FL-11)” की व्यवस्था लागू की है।
जिला आबकारी अधिकारी संजय कुमार सिंह ने बताया कि यह लाइसेंस स्थानीय आबकारी कार्यालय से एक दिन के लिए जारी किया जाता है। इसकी फीस ₹11,000 प्रति 12 घंटे निर्धारित है। कोई भी व्यावसायिक प्रतिष्ठान या आयोजनकर्ता आबकारी विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन कर ऑनलाइन आवेदन के माध्यम से यह लाइसेंस प्राप्त कर सकता है।
उन्होंने बताया कि स्थानीय आबकारी विभाग या पुलिस द्वारा मौके पर लाइसेंस की जांच की जा सकती है। इस संबंध में विस्तृत जानकारी के लिए इच्छुक व्यक्ति जिला आबकारी अधिकारी, कलेक्ट्रेट कासगंज कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।
श्री सिंह ने यह भी चेतावनी दी कि यदि किसी समारोह में बिना वैध लाइसेंस के मदिरापान कराया गया या अन्य प्रांत की शराब परोसी गई, तो आयोजक एवं संचालक पर कड़ी कानूनी कार्यवाही की जाएगी। ऐसे प्रतिष्ठानों को सीज करते हुए संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की वैधानिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
आबकारी विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि वे कानून का पालन करते हुए अपने आयोजनों में केवल वैध माध्यम से ही मदिरापान की व्यवस्था करें।