जनपद बरेली के तहसील
मीरगंज के राम गंगा खादर इलाके से एक मामला सामने आया है शुक्रवार रात करीब नौ बजे
उस समय हड़कंप मच गया, जब एक गन्ना लदा
ट्रैक्टर-ट्राला टूटे पुलिया में फंसकर खाई में गिर गया। हादसे में चालक ने वाहन
से समय रहते छलांग लगाकर जान बचाई।
जानकारी के मुताबिक, बरेली के आंवला तहसील अंतर्गत गांब बसंतपुर से गन्ना लेकर मीरगंज शुगर मिल जा रहे ट्रैक्टर-ट्राला का संतुलन बिगड़ गया और वह गोरा लोकनाथपुर के पास एप्रोच की टूटी पुलिया में फंसकर खाई में गिरते हुए रामगंगा नदी में डूब गिर गया। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के वाहन चालक और ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंचे।स्थानीय लोगों के मुताबिक, रामगंगा नदी में पानी भरा हुआ था, जिससे ट्रैक्टर-ट्राला पूरी तरह डूब गया। हालांकि, चालक ने सूझबूझ दिखाते हुए समय रहते ट्रैक्टर से कूदकर अपनी जान बचा ली। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस टीम और क्रेन की मदद से ट्रैक्टर-ट्राला को बाहर निकालने का प्रयास शुरू किया गया।
ग्रामीणों ने बताया कि यह पुलिया पहले भी कई हादसों का कारण बन चुकी है। कुछ समय पहले एक पूर्व फौजी इसी पुलिया पर दुर्घटना का शिकार हुए थे, जब उनकी मोटरसाइकिल खाई में गिर गई थी और उनकी मौत हो गई थी। वहीं, अब यह हादसा एक बार फिर क्षेत्र में टूटी पुलिया और सड़क सुरक्षा को लेकर चिंता का विषय बन गया है। ग्राम प्रधान धर्मेंद्र सिंह चौधरी ने कहा कि ट्रैक्टर चालक रईस अहमद गांव बहरौली का रहने वाला है और वह गन्ना लेकर मीरगंज शुगर मिल आ रहा था। घटना के बाद स्थानीय लोग प्रशासन से पुलिया की जल्द और स्थायी मरम्मत की मांग कर रहे हैं।
स्थानीय लोगों ने जताई चिंता:
ग्रामीणों का कहना है कि टूटी पुलिया पर अस्थाई तौर पर मिटटी आदि डालकर मेला से पहले रास्ता जरुर सही कराया गया था लेकिन वह पूरी तरह से सुरक्षित नहीं है। इसके अलावा, एप्रोच रोड की स्थिति भी काफी खराब है। भारी वाहनों के इस मार्ग से गुजरने पर पीडब्ल्यूडी ने प्रतिबंध भी लगाया था, लेकिन इसके बावजूद वाहन निकलते रहे, जिससे यह हादसा हुआ।यह हादसा क्षेत्र में सड़क सुरक्षा और टूटी पुलिया की मरम्मत को लेकर एक बड़ा सवाल खड़ा कर रहा है। प्रशासन को चाहिए कि जल्द से जल्द स्थायी समाधान निकाले ताकि इस तरह के हादसे भविष्य में न हों।