आगरा के मंडलायुक्त की अध्यक्षता में मंडलीय सड़क सुरक्षा समिति की बैठक हुई। इसमें मंडलायुक्त ने मथुरा सहित मंडल के सभी जिलों में बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं पर चिंता व्यक्त की। कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार सड़क हादसों में 50 प्रतिशत की कमी हर हाल में लाई जाए। उन्होंने अधीनस्त अधिकारियों और स्टेकहोल्डर्स को निर्देश दिए कि लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में एआरटीओ को ‘राहवीर योजना’ का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए गए। योजना के तहत गंभीर रूप से घायल व्यक्ति को एक घंटे के भीतर अस्पताल पहुंचाने वाले व्यक्ति को प्रशंसा पत्र और 25 हजार रुपये दिए जाएंगे। जिला युवा कल्याण अधिकारी को सड़क सुरक्षा मित्रों के चयन की प्रक्रिया तेजी से पूरी करने को कहा गया।
एआरटीओ राजेश राजपूत और नीतू सिंह ने कार्यालयों से अपील की कि बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चालकों को परिसर में प्रवेश न दिया जाए। साथ ही शीत ऋतु और कोहरे को ध्यान में रखते हुए बस, ट्रक और टैक्सी ऑपरेटरों को वाहनों में वाइपर, हेडलाइट, बैक लाइट, इंडिकेटर, क्लच, स्टीयरिंग सिस्टम और रिफ्लेक्टिव टेप की अनिवार्यता का पालन करने की हिदायत दी गई।
मंडलायुक्त ने चारों जनपदों के एआरटीओ को एक सप्ताह के अंदर सभी ट्रैक्टर-ट्रॉलियों पर रेडियम पट्टी लगवाना सुनिश्चित करने के आदेश दिए। एनएचएआई, पीडब्ल्यूडी और अन्य सड़क निर्माण एजेंसियों को सड़क की सफेद पट्टियों को री-पेंट कराने के निर्देश भी जारी किए गए।
बैठक में ‘हिट एंड रन योजना’ को भी अधिक प्रभावी रूप से प्रचारित करने पर जोर दिया गया। योजना के तहत घायल व्यक्ति को 50,000 रुपये और मृत्यु की स्थिति में 2 लाख रुपये देने का प्रावधान है।
जनपद मथुरा की सड़क सुरक्षा समिति की अगली बैठक 27 नवंबर को कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित होगी, जिसमें ‘सेव लाइफ फाउंडेशन दिल्ली’ द्वारा तैयार जनपदीय एक्शन प्लान प्रस्तुत किया जाएगा। प्रशासन ने सभी स्वयंसेवी संगठनों, एनजीओ और शिक्षण संस्थानों के प्रतिनिधियों से बैठक में शामिल होने की अपील की है।