अयोध्या में भगवान श्रीराम जन्मभूमि के मंदिर शिखर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ध्वज स्थापना किए जाने पर पूरे देश में हर्ष का माहौल है। इस मौके पर मंगलवार को मथुरा के श्रीकृष्ण जन्मभूमि परिसर (गेट नंबर 1) पर सनातनी हिंदुओं ने मिठाई बांटकर खुशी व्यक्त की और भागवा ध्वज फहराकर हर्षोल्लास मनाया।
श्री कृष्ण जन्मभूमि–ईदगाह मामले के मुख्य हिंदू पक्षकार पंडित दिनेश फलाहारी महाराज ने जन्मभूमि द्वार पर मौजूद श्रद्धालुओं को मिष्ठान वितरित कर इस ऐतिहासिक पल पर प्रसन्नता जताई। इस दौरान श्रद्धालुओं ने “जय श्रीराम” और “जय श्रीकृष्ण” के जयकारों से पूरा परिसर भक्तिमय कर दिया।
फलाहारी महाराज ने कहा कि “बरसों बाद यह ऐतिहासिक क्षण आया है। न केवल भारत बल्कि विश्व भर के सनातनी हिंदुओं के लिए यह गर्व का विषय है। जिस प्रकार अयोध्या में भव्य श्रीराम मंदिर स्थापित हुआ, उसी प्रकार हमें विश्वास है कि न्यायालय के माध्यम से एक दिन संपूर्ण श्रीकृष्ण जन्मभूमि परिसर भी मुक्त होगा और भगवान योगेश्वर श्रीकृष्ण का मूल गर्भगृह विशाल मंदिर के रूप में स्थापित होगा।”
इस अवसर पर ब्रज धर्माचार्य परिषद के संयोजक पं. राजेश पाठक, श्रीकृष्ण जन्मभूमि संघर्ष न्यास के राष्ट्रीय सचिव पंडित जयराम शर्मा, राष्ट्रीय प्रचारक एवं भागवत प्रवक्ता प्रिया किशोरी ने भी प्रसन्नता जताई। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का मंदिर सनातनी सरकारों के रहते ही मुक्त कराया जा सकता है। यह समय धर्म, इतिहास और विरासत के संरक्षण का है। कार्यक्रम में मौजूद श्रद्धालुओं ने ध्वज स्थापना को हिंदू गौरव का प्रतीक बताते हुए इसे देश और धर्म के लिए महत्वपूर्ण क्षण बताया।
इस मौके पर भाजपा नेता नरेश सिंह, संत हरिदास बाबा, सुखराम सिंह कमल, अनिल शास्त्री, पं. राज नारायण गौड़, राहुल गौतम, गंभीर बघेल सहित कई भक्तजन और सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे। पूरे कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालुओं में उत्साह, भक्ति और मंदिर मुक्ति आंदोलन के प्रति उम्मीद साफ झलकती रही।