जनपद बरेली के मीरगंज
तहसील क्षेत्र के अंतर्गत क़स्बा फतेहगंज पश्चिमी निवासी भाजपा नेता आशीष अग्रवाल के खिलाफ अधिशासी
अधिकारी द्वारा मुकदमा दर्ज कराने की कथित साजिश के मामले ने अब तूल पकड़ लिया है।
और इस प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव संजय प्रसाद ने
प्रमुख सचिव नगर विकास के साथ-साथ बरेली के जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से
पूरे मामले पर विस्तृत रिपोर्ट तलब की है। और प्रकरण में निष्पक्ष जाँच उपरांत
दोषियों के खिलाफ कार्यवाही किए जाने की अपेक्षा भी की गई है!
ऐसे में प्रकरण से जुड़े
संबंधित ईओ और अन्य अधिकारियों की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं और उनके खिलाफ
कठोर कार्रवाई की संभावना भी जताई जा रही है।
बता दें कि फतेहगंज
पश्चिमी निवासी भाजपा नेता आशीष अग्रवाल ने इस प्रकरण में उत्तर प्रदेश के प्रमुख
सचिव से लिखितं प्रार्थना पत्र देकर शिकायत की थी जिसमें आरोप लगाया कि स्थानीय
प्रशासनिक अधिशासी अधिकारी के द्वारा सुनियोजित तरीके से उनके खिलाफ झूठा मुकदमा
लिखवाने की साजिश रची गई। इस संबंध में उन्होंने भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व दिल्ली
एवं प्रदेश के वरिष्ठ नेताओं से औपचारिक शिकायत की थी। मामला सामने आने के बाद
राजनीतिक गलियारों में भी हलचल तेज हो गई है।
चौंकाने वाली बात यह है
कि इस पूरे प्रकरण में भाजपा के कुछ नेता भी आशीष अग्रवाल के विरोध में खड़े नजर
आए, जिससे संगठन के
भीतर अंतर्कलह की सुगबुगाहट और तेज होती नजर आ रही है। अब मुख्यमंत्री कार्यालय के
सीधे हस्तक्षेप के बाद माना जा रहा है कि दोषियों पर शीघ्र ही निर्णायक कार्रवाई हो
सकती है।
राजनीतिक और प्रशासनिक
स्तर पर यह मामला हाईप्रोफाइल बन चुका है और आने वाले दिनों में इससे जुड़ी बड़ी
कार्रवाई की पूरी संभावना जताई जा रही है।