जागरण टुडे, कासगंज।
फतेहपुर जनपद में हुई दुखद घटना ने पूरे प्रदेश के राजस्व विभाग के कर्मचारियों में गहरा आक्रोश पैदा कर दिया है। बीते दिवस फतेहपुर में 2024 बैच के लेखपाल सुधीर कुमार ने कथित रूप से एसआईआर ड्यूटी के अत्यधिक दबाव और छुट्टी न मिलने के कारण फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। इस घटना के बाद प्रदेशभर के लेखपाल सड़क पर उतर आए हैं और धरना-प्रदर्शन कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए कासगंज सदर तहसील के लेखपालों ने भी शुक्रवार को तहसील परिसर में धरना प्रदर्शन किया। इसके बाद उन्होंने मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा, जिसमें मृतक लेखपाल के परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान करने तथा जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की गई।
ज्ञापन में लेखपालों ने कहा कि प्रदेश भर में एसआईआर का कार्य बड़े पैमाने पर चल रहा है, जिसमें राजस्व विभाग के कर्मचारियों के साथ-साथ लेखपालों पर भी भारी दबाव डाला जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कई तहसीलों और जनपदों में अधिकारियों का व्यवहार संवेदनहीन होता जा रहा है, जिससे कर्मचारियों का मनोबल टूट रहा है।
फतेहपुर घटना को लेकर पदाधिकारियों ने बताया कि सुधीर कुमार की शादी 25 नवंबर 2025 को होनी थी। शादी की तैयारियों के चलते वह कई दिनों से अवकाश की मांग कर रहा था, लेकिन अधिकारियों ने एसआईआर ड्यूटी का हवाला देते हुए छुट्टी देने से इंकार कर दिया। बताया गया कि न केवल छुट्टी नहीं दी गई, बल्कि उसे निलंबित भी कर दिया गया, जिससे वह मानसिक रूप से बेहद व्यथित हो गया था। लगातार बढ़ते कार्यभार, दबाव और निलंबन की कार्रवाई को वह सहन नहीं कर पाया, जिसके परिणामस्वरूप उसने यह कठोर कदम उठा लिया।
धरना प्रदर्शन में तहसील अध्यक्ष राहुल सिंह, तहसील मंत्री जितेंद्र सिंह, तथा अन्य पदाधिकारी—प्रशांत वशिष्ठ, प्रतीक वर्मा, अजय कुमार सिंह, चमन मियां, विशाल बाबू, सोनम अग्रवाल, आरती राजपूत आदि उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में मृतक को श्रद्धांजलि देते हुए प्रदेश स्तर पर लेखपालों के कार्य-परिस्थितियों में सुधार की मांग उठाई।