वृंदावन स्थित गीता शोध संस्थान में दो दिवसीय गीता जयंती महोत्सव 2025 की शुरुआत हुई। प्रथम दिवस में संस्थान व रासलीला अकादमी के छात्र-छात्राओं ने अठारह अध्याय–अठारह श्लोक की संगीतमय प्रस्तुति दी। मणिपुर की रंग निकेतन सोसाइटी के सचिव व गीता विद्वान अमरजीत सिंह ने गीता की सर्वव्यापी स्वीकारोक्ति पर व्याख्यान दिया, जबकि भक्ति वेदांत सोसाइटी सिंगापुर के अध्यक्ष अनुकम्पन दास ने गीता गीत कार्यक्रम प्रस्तुत किया। अन्य कई विद्वानों ने भी अपने विचार रखे।
कार्यक्रम का शुभारंभ गीता शोध संस्थान के निदेशक प्रो. दिनेश खन्ना और ब्रज संस्कृति विशेषज्ञ डॉ. उमेश चंद्र शर्मा ने अतिथियों के स्वागत से किया। दूसरे दिन मोक्षदा एकादशी पर श्री गीता: एक अध्यात्मिक विज्ञान विषय पर संगोष्ठी सहित धार्मिक, सांस्कृतिक व साहित्यिक कार्यक्रम आयोजित हुए। संस्थान के समन्वयक चंद्र प्रताप सिंह सिकरवार ने गीता जयंती के महत्व और संस्थान में चल रहे प्रकल्पों की जानकारी दी। कार्यक्रम में मधु ठाकुर, संगीता, सीमा शर्मा, निर्मला सहित कई भक्त उपस्थित रहे।