एजेंसी। गाज़ियाबाद में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रहे अभियान के तहत एंटी करप्शन विभाग को बड़ी सफलता मिली है। मेरठ से आई एंटी करप्शन टीम ने मुरादनगर थाना क्षेत्र में तैनात महिला उपनिरीक्षक प्रिया सिंह को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस विभाग में चर्चा का विषय बन गई है।
सूत्रों के मुताबिक, महिला दारोगा पर एक आपराधिक मामले में आरोपी का नाम हटाने अथवा राहत देने के बदले 50 हजार रुपये की अवैध मांग करने का आरोप था। पीड़ित व्यक्ति लंबे समय से परेशान था और आखिरकार उसने एंटी करप्शन विभाग से संपर्क कर पूरी जानकारी साझा की। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए विभाग ने प्राथमिक जांच कर आरोपों की पुष्टि की।
जांच के बाद एंटी करप्शन टीम ने सुनियोजित रणनीति के तहत जाल बिछाया। तय योजना के अनुसार शिकायतकर्ता रिश्वत की रकम लेकर महिला दारोगा के पास पहुंचा। जैसे ही दारोगा ने पैसे स्वीकार किए, पहले से तैनात टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उसे मौके पर ही पकड़ लिया। तलाशी के दौरान रिश्वत की पूरी रकम बरामद कर ली गई।
गिरफ्तारी के बाद महिला दारोगा को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी गई है। इस मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जा रहा है। एंटी करप्शन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जांच के दौरान अन्य पहलुओं की भी पड़ताल की जाएगी।
इस कार्रवाई के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। अधिकारियों का कहना है कि सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत भ्रष्टाचार में लिप्त किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा। विभाग ने आम लोगों से अपील की है कि यदि कोई भी सरकारी कर्मचारी रिश्वत की मांग करता है तो निडर होकर शिकायत करें, ताकि ऐसे मामलों पर सख्त कार्रवाई की जा सके।