सैन्ट्रल यू पी चैम्बर ऑफ कॉमर्स एण्ड इंडस्ट्री वेलफेयर एसोसिएशन की महिला विंग द्वारा नववर्ष के स्वागत अवसर पर महिलाओं की एकजुटता, सहयोग और सशक्तिकरण को समर्पित एक विशेष कार्यक्रम “कल की ओर – साथ मिलकर” का आयोजन किया गया। कार्यक्रम क्लाउड 9, बरेली क्लब में उत्साहपूर्ण भागीदारी और गरिमामय वातावरण के बीच संपन्न हुआ।
महिला विंग की अध्यक्ष श्रीमती अमिता अग्रवाल के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं के बीच आपसी सहयोग, सकारात्मक सोच, प्रेरणा और सामूहिक प्रगति की भावना को मजबूत करना था। कार्यक्रम में महिला उद्यमियों, व्यवसाय से जुड़ी महिलाओं, पेशेवरों, समाजसेवियों और विभिन्न क्षेत्रों में सक्रिय महिलाओं ने बड़ी संख्या में सहभागिता की।
आयोजन के दौरान यह संदेश स्पष्ट रूप से उभरकर सामने आया कि जब महिलाएं एक-दूसरे के साथ खड़ी होती हैं, तो वे न केवल व्यक्तिगत स्तर पर सशक्त होती हैं, बल्कि सामाजिक और आर्थिक बदलाव की मजबूत आधारशिला भी रखती हैं। कार्यक्रम की थीम “Together Towards Tomorrow” महिलाओं की सामूहिक शक्ति और साझा प्रयासों का प्रतीक बनी।
कार्यक्रम में मोटिवेशनल स्पीकर श्रीमती श्रद्धा खंडेलवाल ने महिलाओं को संबोधित करते हुए कहा कि आने वाला वर्ष महिलाओं के लिए नए अवसर, नई जिम्मेदारियां और नई संभावनाएं लेकर आएगा, जिन्हें मिलकर अपनाने की आवश्यकता है। उन्होंने आत्मविश्वास, निरंतर सीखने और सहयोग की भावना को सफलता की कुंजी बताया।
चैम्बर महिला विंग की ओर से आयोजित विशेष सत्र में वर्ष 2026 के लिए सोना-चांदी के भावों की संभावनाओं और ज्वेलरी सेक्टर के भविष्य पर चर्चा की गई। ज्वैलर श्रीमती विनीता अग्रवाल ने महिलाओं को सोना-चांदी में निवेश के व्यावहारिक पहलुओं और बाजार की संभावनाओं की जानकारी दी। वहीं अंक ज्योतिष विशेषज्ञ पूजा सिंघल ने वर्ष 2026 की आर्थिक प्रवृत्तियों, निवेश के अवसरों और महिलाओं की बढ़ती भूमिका पर प्रकाश डालते हुए नंबर्स के आधार पर भविष्य का आकलन प्रस्तुत किया।
यह आयोजन केवल सामाजिक मिलन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि विचार-विमर्श, संवाद और नेटवर्किंग का प्रभावशाली मंच बनकर उभरा। सहभागिता आधारित गतिविधियों और संवाद सत्रों के माध्यम से महिलाओं को एक-दूसरे से सीखने और संभावित सहयोग के अवसर तलाशने का मौका मिला। कई प्रतिभागियों ने इसे महिलाओं के लिए प्रेरणादायक और उपयोगी मंच बताया।
अध्यक्ष श्रीमती अमिता अग्रवाल ने कहा कि यह कार्यक्रम महिलाओं की उपलब्धियों को सम्मान देने और उनके योगदान को सराहने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि महिलाओं की प्रगति का सकारात्मक प्रभाव परिवार, समाज और राष्ट्र पर पड़ता है। जब महिलाएं आर्थिक और मानसिक रूप से सशक्त होती हैं, तो समाज में स्थायी परिवर्तन संभव होता है।
कार्यक्रम में इस बात पर भी जोर दिया गया कि नववर्ष केवल तारीख बदलने का अवसर नहीं, बल्कि आत्ममंथन, नए लक्ष्य तय करने और सकारात्मक संकल्प लेने का समय है। अंत में सचिव अम्बुज गुप्ता ने सभी प्रतिभागी महिलाओं का आभार व्यक्त किया। “कल की ओर – साथ मिलकर” के संदेश के साथ यह आयोजन महिलाओं की एकजुटता और सशक्त भविष्य की दिशा में एक सफल पहल साबित हुआ।