पर्यटन को रफ्तार और रोजगार को मजबूती देने के लिए प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी उप्र ब्रेड, ब्रेकफास्ट एवं होमस्टे नीति–2025 को बरेली में प्रशासनिक स्तर पर हरी झंडी मिल गई है। सोमवार को जिलाधिकारी अविनाश सिंह की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में हुई बैठक में इस नीति के तहत प्राप्त आवेदनों पर मंथन कर उन्हें स्वीकृति प्रदान की गई।
6 कमरों को होमस्टे के रूप में करा सकते हैं पंजीकृत कर
बैठक में उपनिदेशक पर्यटन रविन्द्र कुमार ने बताया कि होमस्टे नीति का सीधा मकसद स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन करना और पर्यटकों को सस्ते, सुरक्षित और घरेलू माहौल वाले आवास उपलब्ध कराना है। इस नीति के तहत आम लोग अपने घर के 1 से 6 कमरों को होमस्टे के रूप में पंजीकृत कर सकते हैं और नियमित आय का साधन बना सकते हैं।
अब तक सात लोगों ने कराया ऑनलाइन पंजीकरण
अब तक बरेली जनपद में इस योजना के अंतर्गत सात लोगों ने ऑनलाइन पंजीकरण कराया है। जिलाधिकारी ने इन आवेदनों को स्वीकृति देते हुए स्पष्ट किया कि यह योजना केवल कागजों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। उन्होंने उपनिदेशक पर्यटन को निर्देश दिए कि प्रचार-प्रसार को और तेज किया जाए, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग इस योजना से जुड़ें और पर्यटन के साथ-साथ स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिले।
फायर सेफ्टी के हों व्यापक इंतजाम
जिलाधिकारी ने बैठक में सुरक्षा को लेकर कोई ढिलाई न बरतने के निर्देश दिए। मुख्य अग्निशमन अधिकारी के प्रतिनिधि को साफ तौर पर कहा गया कि सभी होमस्टे स्थलों पर फायर सेफ्टी के इंतजाम, उपकरणों और मानकों का सख्ती से निरीक्षण किया जाए। किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।
सुरक्षा से नहीं किया जाएगा कोई समझौता
डीएम ने साफ कहा कि होमस्टे नीति के नाम पर अव्यवस्था या सुरक्षा से समझौता नहीं किया जाएगा। नियमों का पालन करने वालों को पूरा सहयोग मिलेगा, जबकि मानकों में कमी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई होगी। बैठक में पुलिस अधीक्षक यातायात अकमल खां, उपनिदेशक पर्यटन रविन्द्र कुमार, मुख्य अग्निशमन अधिकारी, मुख्य कर निर्धारण अधिकारी, जिला पंचायत राज अधिकारी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।