जागरण टुडे, कासगंज(उदित विजयवर्गीय)
नगर पंचायत सिढ़पुरा के किदवई नगर में नाले के किनारे करीब 500 मीटर लंबा कच्चा मार्ग वर्षों से स्थानीय लोगों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है। हैरानी की बात यह है कि इस मार्ग के दोनों ओर पक्की सड़क बनी हुई है, लेकिन बीच का करीब 500 मीटर हिस्सा आज तक पक्का नहीं कराया गया। बरसात के दिनों में स्थिति और बदहाल हो जाती है। जलभराव के साथ रास्ते में जगह-जगह गहरे गड्ढे और कीचड़ हो जाने से लोगों का आवागमन मुश्किल हो जाता है।
स्थानीय नागरिकों के अनुसार नाले के किनारे होने के कारण यहां गंदगी और मच्छरों की समस्या भी बनी रहती है। बच्चों, महिलाओं, बुजुर्गों और रोजाना इस रास्ते से गुजरने वाले लोगों को सबसे अधिक परेशानी उठानी पड़ती है। लोगों का कहना है कि लंबे समय से समस्या के बावजूद सड़क निर्माण की दिशा में प्रभावी कदम नहीं उठाया गया है।
समाजसेवी अब्दुल हफीज गांधी ने नगर पंचायत से सड़क का तत्काल निर्माण कराने की मांग की है। उन्होंने कहा कि यह महज 500 मीटर सड़क का मामला नहीं, बल्कि वर्षों से परेशानी झेल रहे लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी और सुविधा से जुड़ा सवाल है। जब मार्ग के दोनों ओर पक्की सड़क बनी हुई है तो बीच का हिस्सा कच्चा छोड़ना समझ से परे है। बरसात में जलभराव, कीचड़ और गड्ढों के कारण लोगों को आवागमन में काफी दिक्कत होती है तथा नाले के आसपास मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ जाता है।
समाजसेवी प्रेम सिंह शाक्य ने कहा कि नगर पंचायत को मौके का स्थलीय निरीक्षण कराकर करीब 500 मीटर मार्ग को प्राथमिकता के आधार पर पक्का कराना चाहिए। इसके साथ ही नाले के आसपास जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान भी किया जाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि विकास केवल बड़ी योजनाओं तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि आम नागरिक को घर तक सुरक्षित और सुगम रास्ता उपलब्ध कराना भी विकास का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
स्थानीय निवासी नौशाद खान ने भी नगर पंचायत से किदवई नगर के कच्चे मार्ग का जल्द निर्माण कराने की मांग की है। नागरिकों का कहना है कि सड़क बन जाने से क्षेत्र के लोगों को बड़ी राहत मिलेगी और बारिश के दौरान होने वाली परेशानी से भी काफी हद तक निजात मिल सकेगी।
अब्दुल हफीज गांधी ने नगर पंचायत प्रशासन से मांग की है कि जनहित से जुड़ी इस समस्या का तत्काल संज्ञान लेकर स्थलीय निरीक्षण कराया जाए और सड़क निर्माण की प्रक्रिया शुरू की जाए, ताकि किदवई नगर के लोगों को वर्षों पुरानी समस्या से स्थायी राहत मिल सके।