राज्य सरकार के 10 वर्ष और केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में शाहजहांपुर में 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक सेवा संकल्प अभियान चलेगा। एक महीने तक चलने वाले अभियान में रक्तदान, स्वच्छता, वृक्षारोपण, दिव्यांग कल्याण, बाल प्रतिभा सम्मान और गरीब कल्याण समेत 13 प्रमुख कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
अभियान की तैयारियों को लेकर जिलाधिकारी धर्मेंद्र प्रताप सिंह की अध्यक्षता में विकास भवन सभागार में जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक हुई। डीएम ने विभागवार जिम्मेदारियां सौंपते हुए कार्यक्रमों में अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
गांव से शहर तक होंगे आयोजन
डीएम ने बताया कि अभियान का उद्देश्य प्रधानमंत्री के 25 वर्षों के सेवाकाल की प्रमुख कल्याणकारी उपलब्धियों को लोगों तक पहुंचाने और नागरिकों को विकसित भारत@2047 के संकल्प से जोड़ना है।
17 सितंबर को ‘आशीर्वाद दीया’ कार्यक्रम के तहत गांवों में 100-100, नगर निकायों में 400 से 500 और नगर निगम क्षेत्र में हनुमत धाम पर 11 हजार दीप जलाए जाएंगे। प्रमुख मंदिरों, घाटों, पार्कों, शिक्षण संस्थानों और चिकित्सालयों में भी दीप प्रज्वलन होगा।
‘25 करोड़ बच्चों के सपनों का भारत’ कार्यक्रम में स्कूलों में भाषण, ड्राइंग और प्रदर्शनी, जबकि उच्च शिक्षण संस्थानों में युवाओं से संवाद और वाद-विवाद प्रतियोगिताएं होंगी।
‘नमो सेवा गाथा’ के तहत नुक्कड़ नाटक और मंचन से सरकारी योजनाओं की जानकारी दी जाएगी। वहीं ‘आंगन उत्सव’ में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का सम्मान और मातृ-शिशु पोषण व स्वास्थ्य योजनाओं की जानकारी दी जाएगी।
घर बैठे नहीं, मौके पर मिलेगा योजनाओं का लाभ
‘सेवा सेतु सरकार आपके द्वार’ के तहत विकासखंड स्तर पर सात दिवसीय शिविर लगाए जाएंगे। इनका उद्देश्य लोगों को सरकारी कार्यालयों के चक्कर से बचाकर मौके पर ही योजनाओं का लाभ दिलाना होगा।
इसके अलावा ‘कहानी बदलाव की’, ‘सेवा मेरा योगदान’, ‘रंगोली राष्ट्र घर-घर से राष्ट्र तक’, राष्ट्रीय इनोवेशन चैलेंज, सेवा ज्योति यात्रा और जन सेवा महाकुंभ समेत कई कार्यक्रम होंगे।
डीएम ने अधिकारियों को ग्रामीण क्षेत्रों में चौपाल लगाकर योजनाओं की शत-प्रतिशत पहुंच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सेवा संकल्प अभियान महज औपचारिकता न बने, बल्कि व्यापक जनभागीदारी और जनसेवा का माध्यम बनना चाहिए।