ओमकार गंगवार, जागरण टुडे, मीरगंज (बरेली !
बरेली जनपद की तहसील मीरगंज क्षेत्र में विगत
दिनों रामगंगा नदी का रौद्र रूप दिखने के बाद अब किसानो की बर्बादी शुरू हो गई है!
और सैकड़ों वीघा उपजाऊ भूमि रामगंगा में कटकर समाने के बाबजूद अभी भी भूमि कटान
तेजी से जारी है ! इतना ही नहीं, रामगंगा गांब मदनापुर इलाके में दशकों पूर्व बने
एक मंदिर तक कटान करते करते पहुंच चुकी है ! जबकि मंदिर के समीप बने आश्रम के एक
कमरे को अपने आगोश में समा चुकी है! जिससे
किसानो के चेहरे पर चिंता की लकीरें खिंच गई हैं ! और बढ़ते कटान को लेकर
ग्रामीणों में दहशत का माहौल व्याप्त है।
जानकारी के मुताबिक रामगंगा नदी गांब तातारपुर,
कपूरपुर, मदनापुर, गोरा लोकनाथ पुर, हेमराजपुर, अम्बरपुर, मोहम्मद गंज, श्यामपुर,
समेत तमाम गांव के पास भूमि का कटान लगातार करती जा रही है! रामगंगा अब मदनापुर
गांब के इलाके में बने आश्रम के पास बने मंदिर की तरफ तेजी से बढ़ रही है जिससे
ग्रामीणों को डर है कि कभी भी मंदिर रामगंगा में समा सकता है।
मंदिर के महंत टिंकू का कहना है कि पिछले साल
आई बाढ़ में यह मंदिर रामगंगा से काफी दूरी पर था परंतु इस बार बारिश ज्यादा होने
के चलते रामगंगा में काफी पानी आ गया कुछ समय के बाद नदी में पानी तो कम हुआ पर अब
रामगंगा के भूमि कटान करने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ है। रामगंगा
कटान करते करते अब मंदिर के समीप आ गई है जिससे ग्रामीणों के होश उड़ गए है।
शुक्रवार को जिला पंचायत सदस्य निरंजन यदुवंशी
ने भी मौके पर जाकर रामगंगा के कटान को देखा और बताया कि रामगंगा के द्वारा भूमि
कटान करने से क्षेत्र के तमाम किसानों को भारी नुकसान हुआ है। और लगातार कटान जारी
है! एक मंदिर भी रामगंगा के मुहाने पर है, यदि ऐसा ही रहा तो मंदिर भी कटकर गंगा
में समा जायगा ! उन्होंने शासन एव प्रशासन से कारगर कदम उठाए जाने की मांग की है !