केंद्र सरकार द्वारा संचालित नागरिक सुरक्षा वार्डन एवं क्षमता निर्माण पी एंड सीबी कोष के तहत आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम के समापन अवसर पर मंगलवार को नागरिक सुरक्षा मंत्री धर्मवीर प्रजापति ने कहा कि वार्डन सेवा में महिलाओं की भागीदारी को और अधिक बढ़ाया जाएगा। उन्होंने महिला वार्डनों के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने निस्वार्थ भाव से समाज की सेवा कर एक मिसाल पेश की है।
मंत्री ने कहा कि “परमार्थ से बड़ा कोई कार्य नहीं होता। जब व्यक्ति घर से बाहर समाज की सेवा के लिए कदम बढ़ाता है, तभी उसका सच्चा परमार्थ प्रारंभ होता है।” उन्होंने कहा कि हमारी आदत होनी चाहिए कि हम अपनी क्षमता को लगातार बढ़ाते रहें, और इसी उद्देश्य से सरकार ने पूरे देश में क्षमता निर्माण प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रारंभ किया है।
कार्यक्रम में मंत्री ने यह भी बताया कि केंद्र और प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं का लाभ जनता तक पहुँच रहा है और उनका सकारात्मक प्रभाव देखने को मिल रहा है। सिविल डिफेंस की योजनाओं ने भी लोगों के बीच जागरूकता और सेवा भाव को बढ़ावा दिया है।
इससे पहले उपनियंत्रक राकेश मिश्र ने सात दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का विस्तृत ब्यौरा प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि बरेली प्रदेश का पहला जिला है जिसने प्रशिक्षण के दोनों सत्रों को पूर्ण संख्या के साथ सफलतापूर्वक संपन्न किया है।
कार्यक्रम के अंत में मंत्री धर्मवीर प्रजापति को डिप्टी चीफ वार्डन रंजीत वशिष्ठ और उपनियंत्रक राकेश मिश्र ने गणेश जी की प्रतिमा भेंट की।
इस अवसर पर विधायक कैंट संजीव अग्रवाल, डिप्टी चीफ वार्डन रंजीत वशिष्ठ, सहायक उपनियंत्रक पंकज कुदेशिया, प्रभागीय वार्डन आ. शिवलेश चंद्र पांडेय, दिनेश यादव, अंजय अग्रवाल, कलीम हैदर सैफी, कँवलजीत सिंह, अनिल शर्मा, गीता शर्मा समेत बड़ी संख्या में वार्डन और अधिकारी उपस्थित रहे।