दिल्ली में हुई आतंकवादी घटना के बाद संत समाज में आक्रोश फैल गया है। श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर विवाद के मुख्य याचिकाकर्ता एवं संत समाज के प्रमुख सदस्य पं. दिनेश फलाहारी महाराज ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर मांग की है कि ब्रजभूमि में आयोजित होने वाली बागेश्वर धाम सरकार धीरेंद्र शास्त्री की यात्रा में किसी भी मुसलमान को प्रवेश न दिया जाए।
फलाहारी महाराज ने अपने पत्र में लिखा है कि आतंकवादी घटनाओं के मद्देनज़र सुरक्षा की दृष्टि से ब्रजभूमि की पवित्रता बनाए रखना आवश्यक है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई मुसलमान यात्रा में या ब्रजभूमि क्षेत्र में अवैध रूप से प्रवेश करता हुआ पाया गया तो संत समाज उसका “काला मुंह करेगा।”
फलाहारी महाराज ने कहा कि ब्रजभूमि संतों की तपोस्थली है और यहां किसी भी प्रकार का धार्मिक विवाद या असामाजिक तत्वों की उपस्थिति अस्वीकार्य है। उन्होंने कहा कि “हम सबकी भावनाओं से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं करेंगे। यह भूमि श्रीकृष्ण की है, इसका अपमान नहीं होने देंगे।”
इसी बीच ब्रजभूमि के कई संतों ने भी फलाहारी महाराज के समर्थन में मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई है। संत समाज का कहना है कि दिल्ली में हुई आतंकी घटना के बाद सुरक्षा को लेकर सरकार को सख्त कदम उठाने चाहिए।
दिनेश फलाहारी महाराज वही संत हैं जिन्होंने श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर से मस्जिद न हटने तक अन्न त्याग और नंगे पैर रहने का संकल्प लिया था। वे चार वर्षों से इसी आंदोलन का नेतृत्व कर रहे हैं। संत समाज का कहना है कि धर्म और आस्था की रक्षा के लिए अब देशभर में चेतना जागरण अभियान चलाया जाएगा।