उत्तर प्रदेश के फतेहपुर में SIR के दबाव के चलते शादी से एक दिन पहले लेखपाल सुधीर माहौर द्वारा की गई आत्महत्या के विरोध में मथुरा लेखपाल संघ द्वारा तहसील पर चल रहे धरने को जिला कांग्रेस कमेटी मथुरा ने समर्थन दिया।
जिलाध्यक्ष मुकेश धनगर के नेतृत्व में कांग्रेसजन धरने स्थल पहुंचे और शासन–प्रशासन के खिलाफ कड़ी नाराजगी जताई। जिलाध्यक्ष ने कहा कि फतेहपुर में लेखपाल सुधीर माहौर को आत्महत्या के लिए विवश किया जाना अत्यंत दुखद और निंदनीय है। इस मामले में संबंधित अधिकारी पर कठोर कार्रवाई की जाए।
कांग्रेस ने मांग रखी कि—मृतक लेखपाल के परिजनों को 1 करोड़ रुपये मुआवजा दिया जाए।,परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी प्रदान की जाए।,लेखपालों और BLO पर SIR को लेकर हो रहा अनावश्यक मानसिक और शारीरिक दबाव समाप्त किया जाए।,SIR की समय सीमा बढ़ाई जाए।
धनगर ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग भाजपा सरकार के इशारे पर काम कर रहा है, संविधान की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं और लोकतंत्र को कमजोर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी इसका सड़क से लेकर सदन तक विरोध करेगी।
धरने में समर्थन देने वालों में—
सर्वश्री विक्रम वाल्मीकि (पूर्व महानगर अध्यक्ष), आदित्य तिवारी एडवोकेट, डॉ. सी.एस. आनन्द, अप्रतिम सक्सेना, आवाज मोहम्मद, अश्वनी शुक्ला, अभय प्रताप सिंह, रमेश कश्यप, आशीष अग्रवाल, रवि वाल्मीकि, जिलानी कादरी, करण निषाद, अशोक निषाद, प्रेम शंकर शर्मा, शैलेंद्र चौधरी, दीपक दीक्षित, अरनव चौधरी सहित अनेक कांग्रेसजन शामिल रहे।