मंडलायुक्त श्री शैलेन्द्र कुमार सिंह जी ने जीवन पोर्टल/जन्य मृत्यु पोर्टल का शुभारंभ किया। जन्म मृत्यु रजिस्ट्रीकरण अधिनियम 1969 यथा संशोधित 2023 की धारा 12 के अनुसार प्रत्येक जन्म एवं मृत्यु का पंजीकरण अनिवार्य है, निहित प्रावधानों के अंतर्गत पंजीकरण पूरी होने होते ही सूचना देने वाले को 7 दिनों के भीतर प्रमाण पत्र प्रदान किया जाना चाहिए।
यह भी अनिवार्य है की जन्म अथवा मृत्यु की घटना घटित होने की तिथि से 21 दिनों के भीतर रजिस्ट्रेशन किया जाना अनिवार्य है, किंतु समीक्षा में लगातार पाया जाता है कि समयबद्ध पंजीकरण नहीं होते हैं एवं सभी जन्म एवं मृत्यु के शत प्रतिशत पंजीकरण नहीं होते हैं। सामान्य रूप में जब अभिभावक को अपने बच्चों का किसी विद्यालय में दाखिला करना होता है, तब वह जन्म प्रमाण पत्र के लिए तीन या चार वर्षो के बाद रजिस्ट्रार के चक्कर लगाते है।
इसी प्रकार मृत्यु के उपरांत उसकी जमीन या बैंक खातों का ट्रांसफर होना होता है तब मृत्यु प्रमाण पत्र आमजन लेता है। यह भी समीक्षा में पाया गया है कि महिला के नाम अगर बैंक खाते में पैसे नहीं है व उसके नाम भूमि नहीं है तो महिला की मृत्यु का पंजीकरण नहीं होता, ना ही प्रमाण पत्र निर्गत होता है।
1 जनवरी 2025 से 31 अक्टूबर 2025 तक डाटा की समीक्षा में पाया गया की जनपद मथुरा में 21 दिनों की समयबद्ध अवधि में जन्म के 29105 पंजीकरण हुए जिसमें ग्रामीण क्षेत्र में मात्र 4818 पंजीकरण हुए। 1 वर्ष के उपरांत की अवधि में कुल 35678 जन्म के पंजीकरण हुए जिसमें ग्रामीण क्षेत्र में 23195 एवं शहरी क्षेत्र में 12483 पंजीकरण हुए हैं। इसी अवधि में कल 7643 मृत्यु पंजीकृत हुए हैं, जिसमें महिला 2644 एवं पुरुष 4999 है।
जन्म मृत्यु अधिनियम अंतर्गत क्षेत्र के आंगनबाड़ी आशा बहू, ग्राम प्रधान, स्थानी पार्षद एवं पंचायत सहायक आदि द्वारा सूचना देने पर जन्म एवं मृत्यु का पंजीकरण 21 दिनों के अंदर से किया जाना चाहिए।भारत सरकार द्वारा निर्धारित समयबद्ध और शत प्रतिशत पंजीकरण हेतु करने हेतु जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह एवं मुख्य विकास अधिकारी मनीष मीना के निर्देशन में तथा एचडीएफसी बैंक के सहयोग से जीवन पोर्टल तैयार कराया गया।
पोर्टल का प्रशिक्षण जिला पंचायत राज अधिकारी द्वारा 19 नवंबर 2025 तक विकासखंड मुख्यालय पर आशा एवं पंचायत सहायक के साथ सचिवों को पोर्टल की संपूर्ण जानकारी दी। जीवन पोर्टल को आज मंडलायुक्त जी द्वारा लॉन्च किया गया। मंडलायुक्त जी द्वारा निर्देशित किया गया कि इस पोर्टल को क्रियान्वित करने के साथ-साथ मुख्य कार्य पोर्टल की समीक्षा करना है एवं शत प्रतिशत सूचना उपलब्ध कराना पोर्टल का लक्ष्य है।
मंडलायुक्त जी ने उपस्थित पंचायत सहायक, आशा, ग्राम पंचायत सचिव, सहायक विकास अधिकारी पंचायत, प्रभारी चिकित्सा अधिकारी एवं खंड विकास अधिकारी को निर्देशित किया कि इस पोर्टल का उपयोग कर भारत सरकार एवं जन्म मृत्यु पोर्टल अधिनियम के लक्ष्यों की पूर्ति सुनिश्चित की जाए। यदि यह पोर्टल जनपद मथुरा द्वारा सफलतापूर्वक क्रियान्वित किया जाता है तो पूरे प्रदेश में इस पोर्टल को लागू कराया जा सकता है। मुख्य विकास अधिकारी द्वारा पोर्टल की पूरी जानकारी दी गई एवं जिलाधिकारी द्वारा समस्त सचिवों को इस पोर्टल का शतप्रतिशत उपयोग कर जनपद मथुरा की ग्रामीण जनता को लाभान्वित करने के निर्देश दिए गए।