ब्रज की सांस्कृतिक विरासत, भारतीय ज्ञान परंपरा और श्रीकृष्ण लीला परंपराओं के संरक्षण एवं संवर्द्धन की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए गीता शोध संस्थान एवं रासलीला अकादमी और मंगलायतन विश्वविद्यालय, अलीगढ़ के बीच समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। इस एमओयू के माध्यम से भविष्य में दोनों संस्थान कला, साहित्य, रंगमंच और सांस्कृतिक गतिविधियों का संचालन परस्पर सहयोग से करेंगे।
यह समझौता गीता शोध संस्थान एवं रासलीला अकादमी (उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद) और मंगलायतन विश्वविद्यालय के बीच किया गया है। इसके अंतर्गत ब्रज संस्कृति से जुड़े विविध कार्यक्रमों का आयोजन दोनों संस्थानों के परिसरों में किया जाएगा। एमओयू के तहत गीता शोध संस्थान और रासलीला अकादमी में रासलीला का प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे प्रशिक्षु तथा मंगलायतन विश्वविद्यालय के विद्यार्थी परस्पर शैक्षणिक भ्रमण करेंगे, जिससे विद्यार्थियों को ब्रज संस्कृति, लोककला और पारंपरिक रंगमंच का प्रत्यक्ष अनुभव प्राप्त हो सके।
समझौते के अनुसार दोनों संस्थानों में अभिनय एवं रंगमंचीय प्रस्तुतियां, रासलीला मंचन, ब्रज संस्कृति पर आधारित सांस्कृतिक एवं साहित्यिक संगोष्ठियाँ, कार्यशालाएँ तथा श्रीकृष्ण चित्रांकन शिविर आयोजित किए जाएंगे। इसके साथ ही गीता से जुड़े प्रेरक कार्यक्रम मंगलायतन विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों के लिए विशेष रूप से आयोजित होंगे, जिससे युवाओं को भारतीय दर्शन और जीवन मूल्यों से जोड़ा जा सके।
भारतीय ज्ञान परंपरा के अनुरूप अन्य शैक्षणिक, सांस्कृतिक और वैचारिक गतिविधियाँ भी समय-समय पर आयोजित की जाएंगी। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य विद्यार्थियों और शोधार्थियों में भारतीय संस्कृति के प्रति जागरूकता बढ़ाना और ब्रज की समृद्ध परंपराओं को नई पीढ़ी तक पहुंचाना है।
एमओयू हस्ताक्षर समारोह में मंगलायतन विश्वविद्यालय, अलीगढ़ के रजिस्ट्रार ब्रिगेडियर सुमेरवीर सिंह, कला संकाय की विभागाध्यक्ष डॉ. पूनम रानी, गीता शोध संस्थान एवं रासलीला अकादमी, वृंदावन के निदेशक दिनेश खन्ना तथा संस्थान के समन्वयक चंद्र प्रताप सिंह सिकरवार उपस्थित रहे। सभी प्रतिनिधियों ने हस्ताक्षर कर समझौते को औपचारिक रूप दिया।
गीता शोध संस्थान के समन्वयक चंद्र प्रताप सिंह सिकरवार ने कहा कि यह एमओयू ब्रज की सांस्कृतिक विरासत और परंपराओं के संरक्षण, संवर्धन एवं शैक्षणिक प्रसार की दिशा में एक सार्थक और दूरगामी कदम सिद्ध होगा।