जागरण टुडे, मीरगंज (बरेली)
जनपद बरेली के तहसील मीरगंज के अंतर्गत ग्राम नौसना में अवैध मिट्टी खनन का गंभीर मामला सामने आया है। गांव निवासी अर्जुन पुत्र महावीर सिंह ने अपनी कृषि भूमि गाटा संख्या 683 की मेड़ से सटी गाटा संख्या 668 में मिट्टी खनन किए जाने की शिकायत उपजिलाधिकारी मीरगंज आलोक कुमार से की थी।
शिकायत के संदर्भ में राजस्व टीम द्वारा अभिलेखीय एवं स्थलीय जांच की गई। जांच में पाया गया कि गाटा संख्या 668 रकबा 0.0840 हेक्टेयर असंक्रमणीय भूमि (श्रेणी-दो) है, जो विजय पुत्र बाबूराम निवासी ग्राम नौसना के नाम दर्ज है।
जांच के दौरान खातेदार विजय पुत्र बाबूराम के लिखित बयान लिए गए, जिसमें उन्होंने बताया कि उनकी पट्टे की भूमि असमतल थी, जिसे समतल कराने के लिए मिट्टी को शमशाद निवासी गांव नगरिया सादात को विक्रय कर दिया गया।
राजस्व टीम की जांच में स्पष्ट हुआ कि गाटा संख्या 668 से कुल लगभग 400 घन मीटर मिट्टी का अवैध खनन किया गया है। खनन की गहराई मौके पर करीब 5 फीट पाई गई, जबकि यह खनन शिकायतकर्ता के खेत से मात्र 3 मीटर की दूरी पर किया गया था। सबसे अहम बात यह रही कि खातेदार द्वारा खनन के लिए तहसील प्रशासन से कोई अनुमति नहीं ली गई थी।
मामले को गंभीर मानते हुए उपजिलाधिकारी मीरगंज अलोक कुमार ने खातेदार विजय पुत्र बाबूराम के विरुद्ध अवैध खनन कराने के आरोप में आवश्यक कार्रवाई एवं पट्टा निरस्तीकरण की संस्तुति करते हुए रिपोर्ट अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) बरेली को भेज दी है। साथ ही अवैध खनन के संबंध में आवश्यक कार्रवाई हेतु जिला खनन अधिकारी बरेली को भी तहसील प्रशासन द्वारा रिपोर्ट प्रेषित की गई है।