ग्राम पंचायत माधोपुर, मधुनगला, घाट गांव और आकलाबाद से जुड़े हैं मामले
ऑडिट टीम ने चार ग्राम पंचायतों के लेखाजोखों के मिलान में लाखों रुपये की गड़बड़ी पकड़ी है। वर्ष 2018-19 में ग्राम पंचायत माधोपुर, मधुनगला, घाट गांव और आकलाबाद में कराए गए ऑडिट में तत्कालीन प्रधान और सचिव पर 55.77 लाख रुपये की रिकवरी निकाली। ऑडिट टीम के निकाले गए अधिभार पर जिला पंचायत राज अधिकारी ने वसूली की प्रक्रिया शुरू करायी है। जिलाधिकारी के निर्देश पर जिला पंचायत राज अधिकारी कमल किशोर ने चारों पंचायतों के तत्कालीन सचिवों से आधी रकम में 27.88 लाख रुपये की वसूली का आदेश जारी किया है।
जिला पंचायत राज अधिकारी ने सभी सचिवों से वसूली कराने के लिए अलग-अलग आदेश जारी किए हैं। आदेशों के अनुसार 2018-19 में हुए ऑडिट में भदपुरा ब्लॉक के ग्राम पंचायत माधोपुर में गड़बड़ियां सामने आईं। तत्कालीन प्रधान एवं सचिव पर अधिभार के रूप में 1635249 रुपये की धनराशि की रिकवरी निकाली गयी। ऑडिट अवधि में ओमकार सिंह तत्कालीन सचिव के पद पर तैनात थे। कुल धनराशि में से 817625 रुपये की धनराशि ओमकार सिंह से वसूल की जानी है।
मधुनगला ग्राम पंचायत में तैनाती के दौरान ओमकार सिंह की और गड़बड़ी पकड़ी गयी। इसमें ऑडिट में अधिभार के रूप में तत्कालीन सचिव और ग्राम प्रधान पर 1315217 रुपये की धनराशि की वसूली निकाली। ओमकार सिंह से 657609 रुपये की वसूली के आदेश जारी हुए हैं। ग्राम पंचायत घाट गांव के ऑडिट में भी खामियां पकड़ी गयीं। ऑडिट अवधि में छेदालाल बतौर सचिव तैनात थे। ऑडिट टीम ने 1443895 रुपये की वसूली निकाली। अब छेदालाल से 721948 रुपये की वसूली जारी की गयी है।
इसके अलावा ग्राम पंचायत आकलाबाद में 2018-19 में ऑडिट अवधि में छेदालाल बतौर सचिव पद पर तैनात थे। ऑडिट टीम ने 1183151 रुपये की रिकवरी निकाली। जिला पंचायत राज अधिकारी कमल किशोर ने छेदालाल से 591576 रुपये की धनराशि वसूल कराने के लिए आदेश जारी किया है।