जागरण टुडे, कासगंज।
यूजीसी में बनाए गए सवर्ण समाज के खिलाफ बताए जा रहे काले कानून को समाप्त करने की मांग को लेकर अग्रवाल सभा के पदाधिकारियों ने प्रधानमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन जिला अधिकारी प्रणव सिंह कासगंज के माध्यम से सौंपा गया। ज्ञापन सौंपने के दौरान व्यापारिक संगठनों एवं समाज के विभिन्न वर्गों के लोगों ने एकजुट होकर अपनी बात प्रशासन के समक्ष रखी।
ज्ञापन में बताया गया कि यूजीसी के अंतर्गत बनाए गए कुछ प्रावधान सवर्ण समाज के हितों के विपरीत हैं, जिससे समाज में असंतोष का माहौल उत्पन्न हो रहा है। उपस्थित लोगों ने मांग की कि ऐसे कानूनों की निष्पक्ष समीक्षा कर उन्हें तत्काल प्रभाव से निरस्त किया जाए, ताकि सभी वर्गों के साथ समान न्याय सुनिश्चित हो सके।
इस अवसर पर व्यापारी नेता अखिलेश अग्रवाल ने कहा कि किसी भी वर्ग के साथ भेदभाव लोकतांत्रिक व्यवस्था के खिलाफ है। उन्होंने केंद्र सरकार से अपील की कि समाज में समरसता बनाए रखने के लिए सभी वर्गों के हितों को ध्यान में रखते हुए निर्णय लिया जाए। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते इस विषय पर विचार नहीं किया गया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जा सकता है।
ज्ञापन सौंपने के दौरान संगठन के संरक्षक अखिलेश अग्रवाल, अध्यक्ष दीपक सिंघल एवं महामंत्री आशीष अग्रवाल ने संयुक्त रूप से कहा कि यह ज्ञापन शांतिपूर्ण एवं संवैधानिक तरीके से सौंपा गया है। उनका उद्देश्य किसी के अधिकारों का हनन करना नहीं, बल्कि समान अवसर और न्याय की मांग करना है।
इस मौके पर दीपक अग्रवाल, गौरव अग्रवाल मोनू, अजय अग्रवाल, अंकिश अग्रवाल, मनोज सिंघल, जय प्रकाश अग्रवाल, विवेक अग्रवाल, दिलीप अग्रवाल, रोहित अग्रवाल, नितिन अग्रवाल, नवनीत गर्ग, सुभाष अग्रवाल सहित समाज के अनेक लोग मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में सरकार से इस मुद्दे पर गंभीरता से विचार करने की मांग की।
जिला प्रशासन ने ज्ञापन को विधिवत स्वीकार करते हुए उसे संबंधित उच्चाधिकारियों तक पहुंचाने का आश्वासन दिया। कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।