जागरण टुडे,कासगंज( उदित विजयवर्गीय)।आस्था और श्रद्धा का प्रमुख केंद्र पटियाली तहसील क्षेत्र का कादरगंज गंगा घाट इन दिनों गंदगी और अव्यवस्था का शिकार बना हुआ है। घाट परिसर में चारों ओर फैला कचरा, प्लास्टिक, पूजा-सामग्री और अन्य अपशिष्ट न केवल घाट की सुंदरता को खराब कर रहा है, बल्कि गंगा की पवित्रता पर भी सवाल खड़े कर रहा है।
स्थानीय लोगों के अनुसार घाट पर नियमित साफ-सफाई की कोई ठोस व्यवस्था नहीं है। गंगा स्नान, पूजा-अर्चना और धार्मिक अनुष्ठानों के बाद छोड़ी गई सामग्री लंबे समय तक घाट पर ही पड़ी रहती है, जिससे दुर्गंध फैल रही है और श्रद्धालुओं को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। कई स्थानों पर कूड़े के ढेर लगे हैं, जिन पर न तो सफाई कर्मियों की नजर पड़ती है और न ही संबंधित विभाग की।
ग्रामीणों और श्रद्धालुओं का कहना है कि गंगा को मां का दर्जा दिया जाता है, लेकिन घाट पर पसरी गंदगी इस आस्था का अपमान है। लोगों ने आरोप लगाया कि स्वच्छता अभियान और नमामि गंगे जैसी योजनाएं कागजों तक ही सीमित नजर आ रही हैं, जबकि जमीनी हकीकत इसके ठीक उलट है।
श्रद्धालुओ एवं संतो ने प्रशासन से मांग की है कि घाट पर दैनिक सफाई व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, कूड़ेदान लगाए जाएं और नियमित निगरानी की जाए, ताकि गंदगी फैलने से रोकी जा सके। साथ ही लोगों से भी अपील की गई है कि पूजा-सामग्री को इधर-उधर न फेंकें और घाट की स्वच्छता बनाए रखने में सहयोग करें।
श्रद्धालु राम कुमार गुप्ता का कहना है यदि समय रहते प्रशासन ने इस ओर ध्यान नहीं दिया, तो आने वाले दिनों में यह स्थिति और गंभीर हो सकती है, जिससे न केवल श्रद्धालुओं की भावनाएं आहत होंगी, बल्कि गंगा प्रदूषण की समस्या भी बढ़ेगी।