जागरण टुडे,कासगंज।
समाजवादी पार्टी (सपा) ने मतदाता सूची से पार्टी समर्थकों के नाम हटाए जाने का गंभीर आरोप लगाते हुए जिला प्रशासन के खिलाफ औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। सपा जिला अध्यक्ष विक्रम यादव के नेतृत्व में पार्टी कार्यकर्ताओं का एक प्रतिनिधिमंडल जिला मुख्यालय पहुंचा और अपर जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच की मांग की।
ज्ञापन में सपा नेताओं ने आरोप लगाया कि जिले के विभिन्न क्षेत्रों में सुनियोजित तरीके से मतदाता सूची में हेरफेर की जा रही है। उनका कहना है कि एस.आई.आर. (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) के नाम पर फर्जी प्रक्रिया अपनाकर वोट काटने की साजिश रची जा रही है, जिसमें कुछ सरकारी कर्मचारियों की भूमिका भी संदिग्ध प्रतीत होती है।
सपा का आरोप है कि फॉर्म नंबर-7 का दुरुपयोग करते हुए प्रिंटेड नामों के साथ उसी गांव के वास्तविक व्यक्ति का नाम जोड़ दिया जाता है। इसके साथ ही फर्जी मोबाइल नंबर और गलत शिकायतकर्ता विवरण दर्ज कर दिए जाते हैं। जब बीएलओ सत्यापन के लिए संबंधित पते पर पहुंचते हैं, तो व्यक्ति उपलब्ध नहीं मिलता, जिससे उसका नाम मतदाता सूची से हटाने का आधार बन जाता है।
पार्टी नेताओं का कहना है कि यह रणनीति विशेष रूप से मुस्लिम और यादव बहुल इलाकों तथा सपा समर्थक गांवों को निशाना बनाकर लागू की जा रही है। जिला अध्यक्ष विक्रम यादव ने दावा किया कि इस प्रकार की शिकायतें जिले की तीनों विधानसभा सीटों से बड़ी संख्या में सामने आ रही हैं। उन्होंने आशंका जताई कि तहसील स्तर पर कुछ वरिष्ठ अधिकारी भी इस कथित साजिश में शामिल हो सकते हैं।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि कासगंज शहर और आसपास के क्षेत्रों में बीएलओ मतदाता जोड़ने के लिए नए फॉर्म लेने से कतराते नजर आ रहे हैं। आरोप है कि मतदाता संख्या बढ़ाने के बजाय वोट काटने पर अधिक जोर दिया जा रहा है। इसके अलावा, प्रशासन की ओर से एस.आई.आर. के तहत लगभग डेढ़ लाख नोटिस जारी करने की तैयारी की जा रही है, जिससे विपक्षी मतदाताओं के नाम हटाने में आसानी हो सकती है।
सपा नेताओं ने कहा कि यदि मतदाता सूची में कोई त्रुटि थी, तो उसे सुधारना बीएलओ की जिम्मेदारी थी, न कि फर्जी शिकायतों के आधार पर नाम हटाना। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कई क्षेत्रों में मतदाता जोड़ने के लिए बीएलओ को सीमित संख्या में ही फॉर्म उपलब्ध कराए गए हैं, जिससे सपा समर्थक मतदाता प्रभावित हो रहे हैं।
ज्ञापन सौंपने वालों में सपा जिला अध्यक्ष विक्रम यादव, पटियाली विधायक, पूर्व विधायक हसरतुल्लाह शेरवानी, प्रवेंद्र राणा (देबू भैया), अरुण कुमार (टिंकू), राजकुमार यादव सहित कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता शामिल रहे।
अपर जिलाधिकारी ने ज्ञापन प्राप्त कर मामले की जांच के निर्देश दिए हैं और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ समन्वय कर तथ्य-आधारित जांच कराने का आश्वासन दिया है। साथ ही बीएलओ और संबंधित कर्मचारियों के बयान दर्ज किए जाने की संभावना जताई गई है। सपा नेताओं ने प्रशासन से निष्पक्ष व पारदर्शी जांच कर लोकतांत्रिक प्रक्रिया में विश्वास बनाए रखने की अपील की है।