जागरण टुडे, गुड्डू यादव,कासगंज।
मंगलवार को कासगंज पुलिस लाइन में प्रशिक्षणाधीन रिक्रूट आरक्षियों की एक महत्वपूर्ण गोष्ठी आयोजित की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा ने की। गोष्ठी के दौरान एसपी ने रिक्रूट आरक्षियों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं और सुझावों के बारे में जानकारी ली तथा संबंधित अधिकारियों को समस्याओं के त्वरित निस्तारण के निर्देश दिए।
प्रशिक्षण जीवन का महत्वपूर्ण चरण
अपने संबोधन में पुलिस अधीक्षक ने कहा कि प्रशिक्षण काल एक आरक्षी के जीवन का सबसे महत्वपूर्ण चरण होता है। इसी अवधि में सीखे गए सिद्धांत, अनुशासन और व्यवहारिक कौशल भविष्य की सेवा में मार्गदर्शक सिद्ध होते हैं। उन्होंने सभी प्रशिक्षणाधीन आरक्षियों को लगन, परिश्रम और पूर्ण मनोयोग के साथ प्रशिक्षण प्राप्त करने की प्रेरणा दी। साथ ही आंतरिक एवं बाह्य विषयों की बारीकियों को गंभीरता से समझकर एक कुशल, संवेदनशील और जिम्मेदार पुलिसकर्मी बनने पर बल दिया।
अनुशासन ही पहचान है खाकी वर्दी की
एसपी अंकिता शर्मा ने पुलिस बल में अनुशासन की महत्ता को रेखांकित करते हुए कहा कि अनुशासन ही पुलिस विभाग की पहचान है। ड्यूटी के दौरान आचरण, वर्दी की गरिमा, समयपालन और जनता के प्रति व्यवहार—इन सभी पहलुओं में उच्च स्तर का अनुशासन बनाए रखना प्रत्येक आरक्षी का दायित्व है। उन्होंने बेहतर पुलिसिंग के लिए संवेदनशीलता, निष्पक्षता और तत्परता को आवश्यक बताया।
गोष्ठी के दौरान क्षेत्राधिकारी लाइन शाहिदा नसरीन, क्षेत्राधिकारी नगर आंचल चौहान, प्रतिसार निरीक्षक रविन्द्र मलिक, प्रभारी आरटीसी तथा अन्य प्रशिक्षक अधिकारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने प्रशिक्षण व्यवस्था की समीक्षा करते हुए रिक्रूट आरक्षियों को विभागीय नियमों और कर्तव्यों के प्रति सजग रहने की सलाह दी।
कार्यक्रम का उद्देश्य नव नियुक्त आरक्षियों में आत्मविश्वास, कर्तव्यनिष्ठा और सेवा भाव को प्रोत्साहित करना रहा। अंत में एसपी ने सभी को उत्कृष्ट प्रशिक्षण प्राप्त कर जनपद एवं विभाग का नाम रोशन करने का संदेश दिया।