"डायरिया से डर नहीं” कार्यक्रम की समीक्षा और आगामी डायरिया रोको अभियान की रणनीति पर हुई चर्चा
स्वास्थ्य विभाग के तत्वावधान में पापुलेशन सर्विसेज इंटरनेशनल इंडिया (पीएसआई इंडिया) और केनव्यू के सहयोग से जिले में “डायरिया से डर नहीं” कार्यक्रम चलाया जा रहा है। इसकी समीक्षा और आगामी स्टॉप डायरिया कैम्पेन की रणनीति पर बुधवार को एक बैठक मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राधा वल्लभ की अध्यक्षता में नगर के एक होटल में आयोजित की गई।
बैठक में अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी व नोडल अधिकारी आरसीएच डॉ. आलोक कुमार ने कहा कि डायरिया से बच्चों को पूरी तरह से सुरक्षित बनाने के लिए जन जागरूकता बहुत जरूरी है। डायरिया से जुड़ी भ्रांतियों को दूर किया जाना चाहिए और जनपद में ऐसा करने वाले स्वास्थ्य कर्मी डायरिया चैम्पियंस की श्रेणी में आते हैं और ऐसे ही चैम्पियंस को प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया गया।
पीएसआई इंडिया के अजय कुमार ने विगत तीन माह की प्रगति एवं वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान जनपद में कई गई गतिविधियों के बारे में विस्तार से बताया साथ ही पिछले स्टॉप डायरिया कैम्पेन के दौरान की गई गतिविधियों के बारे में बताया गया, साथ ही आगामी कैम्पेन की प्लानिंग पर चर्चा की गई। उनके द्वारा बताया गया कि ग्रामीण एवं शहरी स्वास्थ्य इकाइयों पर आशा एवं एएनएम की बैठक में प्रतिभाग कर डायरिया पर चर्चा की गयी है।
इसके अलावा अतिरिक्त छाया ग्रामीण स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं पोषण दिवस सत्रों का सहयोगात्मक निरीक्षण किया जा रहा है। बैठक में नोडल एनयूएचएम डॉ एस पी राठौर ने जिंक और ओआरएस के महत्व को विस्तार पूर्वक बताया।
बैठक में जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. रोहताश तेवतिया, जिला कुष्ठ अधिकारी डॉ बी डी गौतम,डीसीपीएम डॉ. पारुल शर्मा, जिला शहरी स्वास्थ्य समन्वयक फौजिया खानम, जिला मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सलाहकार मुकेश गौतम, प्रतिनिधि जेएसआई,पीएसआई इंडिया के चोब सिंह बघेल एवं ब्लॉक एवं नगर स्तरीय चिकित्सा अधीक्षक,एआरओ एवं ब्लॉक कार्यक्रम प्रबंधक सहित अन्य स्वास्थ्य कर्मी उपस्थित रहे।