जागरण टुडे, कासगंज।
विकास खंड क्षेत्र के ग्राम सतपुरा माफी, न्याय पंचायत जखेरा में शनिवार 14 मार्च 2026 को दो दिवसीय मुख्यमंत्री खाद्य प्रसंस्करण प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन ग्राम प्रधान मान पाल, सेवानिवृत्त पूर्व प्रभारी वी.के. शर्मा और जे.सी. शर्मा ने संयुक्त रूप से फीता काटकर किया। इसके बाद मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित कर एवं माल्यार्पण कर कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत की गई।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में ग्रामीणों और स्वयं सहायता समूह से जुड़ी महिलाओं को खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में स्वरोजगार के अवसरों की जानकारी दी गई। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व प्रभारी वी.के. शर्मा ने खाद्य प्रसंस्करण की पूरी प्रक्रिया विस्तार से समझाई। उन्होंने बताया कि मौसमी फल और सब्जियों से अचार, जैम, शरबत, कैचप, पापड़, बड़ी जैसे उत्पाद तैयार कर ग्रामीण स्तर पर अच्छा रोजगार स्थापित किया जा सकता है। उन्होंने प्रतिभागियों को विभागीय योजनाओं का लाभ लेकर अपने उद्योग स्थापित करने के लिए भी प्रेरित किया।
इस अवसर पर पूर्व प्रभारी जे.सी. शर्मा ने खाद्य प्रसंस्करण इकाई स्थापित करते समय स्वच्छता और साफ-सफाई के विशेष महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि किसी भी खाद्य इकाई में गुणवत्ता और स्वच्छता का ध्यान रखना बेहद आवश्यक है। साथ ही उन्होंने मुख्यमंत्री ग्राम उद्योग योजना की जानकारी देते हुए बताया कि इस योजना के अंतर्गत उद्यम स्थापित करने पर 50 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाता है, जिससे ग्रामीण उद्यमियों को आर्थिक सहायता मिलती है।
कार्यक्रम में मौजूद डीआरपी चेतन ने प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना (PMFME) के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत उद्यमियों को 35 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाता है, जिसकी अधिकतम सीमा 10 लाख रुपये तक निर्धारित है। इससे छोटे उद्यमियों को अपना व्यवसाय शुरू करने में काफी मदद मिलती है।
पूरे कार्यक्रम की व्यवस्था और संचालन केंद्र प्रभारी श्रीमती योगेश्वरी द्वारा किया गया, जिसमें संजय चौधरी का भी विशेष सहयोग रहा। प्रशिक्षण कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीणों और महिलाओं ने भाग लेकर खाद्य प्रसंस्करण से जुड़े व्यावसायिक अवसरों की जानकारी प्राप्त की।