बरेली जिले के मीरगंज
तहसील में एक मुबक्किल के वारिसान प्रमाण पत्र बनबाने को लेकर अधिवक्ता और लेखपाल
के मध्य हुए विवाद को लेकर अब लेखपाल संघ में उबाल आ गया है। जिसके चलते शनिवार को
तहसील परिसर में लेखपाल हड़ताल कर धरने पर बैठ गए और जो हमसे टकरायगा,चूर चूर हो
जायगा,, जोरदार नारेबाजी की। कामकाज नही किया ! धरने पर बैठे लेखपालों का कहना है
कि जब तक उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन
जारी रहेगा।
बता दें कि किसान भूपाल, निवासी ग्राम
सैंजना के द्वारा अपने
पिता के मरणोपरांत वारिसान बनबाने को लेकर विगत शुक्रवार को विवाद खड़ा हो गया और मामले
को लेकर पीड़ित भूपाल ने क्षेत्रीय लेखपाल के खिलाफ शपथ पत्र के सहित उपजिलाधिकारी आलोक कुमार को
शिकायती प्रार्थना पत्र दिया है। जिसमें आरोप लगाया गया कि लेखपाल उमाशंकर राना ने
वारिसान रिपोर्ट लगाने के नाम पर 1500 रुपये की मांग की और पैसे न देने पर अभद्र गाली-गलौज करते
हुए उसके व साथ गए अधिवक्ता के साथ मारपीट
की और जान से मारने की धमकी भी दी। वहीं दूसरी ओर अधिवक्ता मोर सिंह के द्वारा
मीरगंज थाना पुलिस को घटना की तहरीर लेखपाल के खिलाफ दी थी !
वताया यह भी जाता है की
लेखपाल के द्वारा भी घटना के सन्दर्भ में पुलिस तहरीर दी गई ! लेकिन विवाद यहीं
नहीं थमा ! और एसडीएम करायाली के सामने भी दोनों पक्षों के मध्य गर्म जोशी के साथ
तकरार भी हुई जिससे एक बारगी काफी हंगामा खड़ा हो गया ! इसी विवाद को लेकर लेखपाल
संघ शनिवार को धरने पर बैठ गया !
धरना प्रदर्शन करने वालों
में उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ तहसील इकाई मीरगंज के अध्यक्ष लोकेन्द्र सिंह, गिरंद
सिंग, पुष्पेन्द्र पटेल, कृष्ण कुमार,आदित्य गंगवार, हरीश गंगवार, अभिषेक पटेल,
प्रेमराज, प्रतिमा आर्या समेत तमाम लेखपाल शामिल रहे !