जागरण टुडे, कासगंज।
मिशन शक्ति फेज–05 (द्वितीय चरण) के अंतर्गत कोठीवाल आढतियां महाविद्यालय में “महिला सशक्तिकरण” विषय पर निबंध प्रतियोगिता का आयोजन हुआ। कार्यक्रम का उद्देश्य छात्र-छात्राओं में महिलाओं के अधिकार, सम्मान और आत्मनिर्भरता के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।
इस प्रतियोगिता का आयोजन महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर (डॉ०) अशोक कुमार रुस्तगी के मार्गदर्शन एवं अध्यक्षता में संपन्न हुआ। उनके नेतृत्व में कार्यक्रम सुव्यवस्थित ढंग से आयोजित किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रतिभागियों ने महिला सशक्तिकरण जैसे महत्वपूर्ण विषय पर अपने विचारों को प्रभावशाली और सारगर्भित रूप में प्रस्तुत किया।
प्रतियोगिता में छात्र-छात्राओं ने सामाजिक, आर्थिक और शैक्षिक दृष्टिकोण से महिलाओं की स्थिति, चुनौतियों और उनके सशक्तिकरण के उपायों पर विस्तार से प्रकाश डाला। कई प्रतिभागियों ने महिलाओं की उपलब्धियों, उनके संघर्ष और समाज में उनकी बढ़ती भूमिका को अपने लेखन के माध्यम से रेखांकित किया।
निर्णायक मंडल में डॉ० विनोद गुप्ता, डॉ० पुनीत तथा डॉ० संजय सिंह शामिल रहे। उन्होंने प्रतिभागियों का मूल्यांकन उनके विचारों की स्पष्टता, अभिव्यक्ति शैली, विषय की गहराई तथा प्रस्तुति के आधार पर किया। निर्णायकों ने विद्यार्थियों के प्रयासों की सराहना करते हुए उन्हें भविष्य में और बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के दौरान वाणिज्य विभागाध्यक्ष डॉ० उमेश कुमार एवं सुश्री शिवांशी वार्ष्णेय ने महिला सशक्तिकरण के महत्व पर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि शिक्षा और आत्मनिर्भरता ही महिलाओं को सशक्त बनाने का सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने छात्राओं को आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने और अपने लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के अंत में मिशन शक्ति की प्रभारी डॉ० सबिस्ता अंजुम ने सभी अतिथियों, निर्णायकों एवं प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कार्यक्रम को सफल बनाने में सभी के सहयोग की सराहना की और भविष्य में भी इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने की बात कही।
इस प्रकार यह निबंध प्रतियोगिता न केवल विद्यार्थियों के बौद्धिक विकास का माध्यम बनी, बल्कि समाज में महिला सशक्तिकरण के प्रति सकारात्मक संदेश देने में भी सफल रही।