आरपीएम पब्लिक स्कूल में 11वें वर्ष हुआ आयोजन, विप्र समाज ने माल्यार्पण, आरती और प्रसाद वितरण के साथ मनाया उत्सव
अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर बरेली जिले के मीरगंज स्थित आरपीएम पब्लिक स्कूल में भगवान परशुराम जयंती श्रद्धा, उत्साह और भक्ति भाव के साथ धूमधाम से मनाई गई। हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी विप्र समाज के लोगों ने बड़ी संख्या में भाग लेकर कार्यक्रम को भव्य रूप दिया। कार्यक्रम की शुरुआत भगवान परशुराम की प्रतिमा पर माल्यार्पण और स्वस्तिवाचन के साथ हुई, जिसके बाद आरती और प्रसाद वितरण किया गया।
कार्यक्रम संयोजक नितिन शर्मा ने बताया कि यहां पिछले 11 वर्षों से लगातार भगवान परशुराम जयंती का आयोजन किया जा रहा है, जो समाज में एकता, संस्कृति और जागरूकता का संदेश दे रहा है। उन्होंने कहा कि भगवान परशुराम केवल शस्त्र के नहीं, बल्कि शास्त्र के भी प्रतीक थे। उनका जीवन सत्य, धर्म, न्याय और अधर्म के विरोध का संदेश देता है।
वक्ताओं ने भगवान parशुराम के चरित्र पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वे भगवान विष्णु के छठे अवतार माने जाते हैं। उन्होंने अन्याय, अत्याचार और अधर्म के विरुद्ध संघर्ष कर समाज को धर्म रक्षा का मार्ग दिखाया। उनका जीवन संयम, तप, ज्ञान और पराक्रम का अद्भुत संगम था। आज के समाज को उनके आदर्शों को अपनाने की आवश्यकता है।
इस अवसर पर सुधीर शर्मा, अशोक उपाध्याय, रामसेवक शर्मा, जय किशन शर्मा, धर्मेंद्र शर्मा, सचिन तिवारी, शिवलेश पांडे, हरीश शर्मा, कैलाश चंद शर्मा, भूपेंद्र शर्मा, अरुण तिवारी, ओमकार मिश्रा, गोपाल शर्मा, अनुज पांडे, मनोज शर्मा, देवेंद्र पाराशरी और अजय शर्मा सहित बड़ी संख्या में विप्रजन मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन नितिन शर्मा ने किया, अध्यक्षता अशोक उपाध्याय ने तथा आभार रामसेवक शर्मा ने व्यक्त किया।