जागरण टुडे मथुरा,
जिला कृषि अधिकारी आवेश कुमार सिंह ने जानकारी दी कि जनपद मथुरा में 20 सितम्बर को इफको कम्पनी की 2624 मैट्रिक टन डीएपी की रैक प्राप्त हुई है, जिसे 311 सहकारी एवं निजी उर्वरक केंद्रों पर आपूर्ति करा दी गई है।
उन्होंने बताया कि वर्तमान में जनपद में 16,748 मैट्रिक टन यूरिया, 8,340 मैट्रिक टन डीएपी तथा 3,556 मैट्रिक टन एनपीके उपलब्ध है। 23 सितम्बर तक सभी सहकारी समितियों पर डीएपी किसानों के लिए उपलब्ध हो जाएगी।
कृषि अधिकारी ने कहा कि उर्वरकों की किसी भी प्रकार की कमी नहीं है, इसलिए किसान अनावश्यक भंडारण न करें और फसल संस्तुति के अनुसार ही उर्वरक प्राप्त करें। अब तक 1 अप्रैल 2025 से 13,121 मैट्रिक टन डीएपी की बिक्री हो चुकी है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 3,850 मैट्रिक टन अधिक है।
सभी उर्वरक विक्रेताओं को निर्देश दिए गए हैं कि स्टॉक और बिक्री रजिस्टर समय से अद्यतन रखें, बिक्री रजिस्टर में किसान का विवरण एवं मोबाइल नंबर दर्ज करें तथा खतौनी देखकर ही निर्धारित दरों पर विक्रय करें। अनियमितता पाए जाने पर आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3/7 एवं उर्वरक नियंत्रण आदेश 1985 के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।