जलवायु परिवर्तन एवं जलवायु जनित आपदाओं के अनुकूलन पर क्षमता संवर्धन विषय पर तीन दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम मंगलवार 19 नवंबर को आरंभ हुआ। जिला ग्राम्य विकास संस्थान भोजीपुरा में आयोजित कार्यक्रम का उद्घाटन उप निदेशक पंचायत बरेली मंडल महेंद्र सिंह सचान ने दीप प्रज्ज्वलन कर किया।
उद्घाटन सत्र में जिला प्रशिक्षण अधिकारी डॉ. सुनील कुमार वर्मा ने प्रशिक्षण की रूपरेखा पर विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि तीन दिवसीय प्रशिक्षण का उद्देश्य जलवायु परिवर्तन से उत्पन्न चुनौतियों के प्रति जागरूकता बढ़ाना और आपदाओं के अनुकूलन के लिए अधिकारियों और फील्ड स्टाफ की क्षमता विकसित करना है।
यह भी पढ़ें: नगर पालिका का ड्राफ्टमैन 8 हजार रुपये की घूस लेते रंगेहाथ गिरफ्तार
उप निदेशक महेंद्र सिंह सचान ने जलवायु परिवर्तन की अवधारणा, इसकी वर्तमान प्रासंगिकता और ग्रामीण विकास पर इसके प्रभावों को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि जलवायु से जुड़ी समस्याएं तेजी से बढ़ रही हैं, ऐसे में प्रशासनिक और स्थानीय स्तर के कर्मचारियों को प्रशिक्षित करना अत्यंत आवश्यक है, ताकि आपदाओं से निपटने की योजनाएं प्रभावी रूप से लागू की जा सकें।
यह भी पढ़ें: वोगर्स फर्म मूर्ति एंटरप्राइजेज के नाम पर 1.49 करोड़ ITC चोरी, एफआईआर
प्रशिक्षण के दौरान राज्य प्रशिक्षक विवेक गंगवार, संस्थान प्रदर्शक संजीव गंगवार और मास्टर ट्रेनर अनीता गंगवार ने विभिन्न विषयों पर व्याख्यान प्रस्तुत किए। वक्ताओं ने जलवायु जोखिम, अनुकूलन रणनीतियों, सामुदायिक भागीदारी, आपदा पूर्व तैयारी और तकनीकी हस्तक्षेपों जैसे महत्वपूर्ण पहलुओं पर विस्तृत जानकारी दी।
यह भी पढ़ें: रेलवे में नौकरी लगवाने का झांसा देकर 30 लाख रुपये ठगे, 4 पर एफआईआर
जनपद स्तरीय आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में 30 प्रतिभागी शामिल हुए हैं, जो तीन दिनों तक विभिन्न सत्रों के माध्यम से आपदा प्रबंधन एवं जलवायु अनुकूलन की आधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे। इस प्रकार के कार्यक्रम ग्रामीण क्षेत्रों में सतत विकास और जोखिम न्यूनिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।