जागरण टुडे, कासगंज। महाशिवरात्रि जैसे पवित्र पर्व पर कांवड़ लेकर गंगा जल लेने पहुंचे श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र रहा पटियाली तहसील क्षेत्र का कादरगंज गंगा घाट अब बदहाली और गंदगी की मार झेल रहा है। पर्व समाप्त होते ही घाट परिसर में जगह-जगह कूड़े के ढेर लग गए हैं। सड़ी-गली फूलमालाएं, प्लास्टिक, पूजन सामग्री और गंदा पानी जमा होने से हालात चिंताजनक बने हुए हैं, जो प्रशासनिक व्यवस्थाओं की पोल खोलने के लिए काफी हैं।
क्यों कि घाट के चारों ओर गंदगी पसरी दिखाई दे रही है। जिससे सवाल यह उठ रहा कि पर्व पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बाद सफाई की जिम्मेदारी किसकी है।
स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि पर्व से पहले घाट पर साफ-सफाई और व्यवस्थाओं को लेकर तैयारियां तो की गईं, लेकिन पर्व समाप्त होते ही बाद की सफाई व्यवस्था पूरी तरह भगवान भरोसे छोड़ दी गई। जिससे धाट पर परसी गंदगी के कारण आसपास दुर्गंध फैल रही है, जिससे संक्रामक बीमारियों का खतरा भी बढ़ने लगा है।
गौरतलब है कि कासगंज जनपद का यह प्रमुख आस्था स्थल हर बड़े पर्व पर हजारों श्रद्धालुओं को आकर्षित करता है। ऐसे में समय रहते समुचित सफाई न कराया जाना न केवल धार्मिक भावनाओं की अनदेखी है, बल्कि जनस्वास्थ्य के लिए भी गंभीर खतरा बन सकता है।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से तत्काल व्यापक सफाई अभियान चलाने, कूड़ा उठान सुनिश्चित कराने तथा घाट की धुलाई कराने की मांग की है, ताकि श्रद्धालुओं की आस्था स्थल की गरिमा बनी रह सके।