खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की टीम ने जनपद में मिलावटी खाद्य पदार्थों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए कोसीकलां स्थित एक पनीर निर्माण इकाई पर छापा मारा। कार्रवाई में करीब 900 किलो संदिग्ध पनीर जब्त किया गया और अवैध रूप से संचालित यूनिट को सील कर दिया गया।
आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन उत्तर प्रदेश, लखनऊ और जिलाधिकारी मथुरा के निर्देश पर यह अभियान चलाया गया। सहायक आयुक्त खाद्य द्वितीय धीरेंद्र प्रताप सिंह के निर्देशन और मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी ज्ञानपाल सिंह के नेतृत्व में टीम ने 27 अप्रैल को गोपाल बाग स्थित बृजवासी डेयरी का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान यूनिट का मालिक मौके पर नहीं मिला। टीम को देखकर कई कर्मचारी भाग निकले, जबकि मौके पर मौजूद कर्मचारी सुरेश कुमार ने मालिक का नाम मुबारिक निवासी कोसीकलां बताया। जांच में सामने आया कि बिना लाइसेंस अवैध रूप से रिफाइंड सोयाबीन ऑयल, सोयाबीन मिल्क जैसे अपमिश्रकों का इस्तेमाल कर अस्वच्छ परिस्थितियों में पनीर बनाया जा रहा था।
टीम ने पनीर, मिश्रित दूध, स्किम्ड मिल्क पाउडर, मिल्क क्रीम, पामोलीन ऑयल और सोयाबीन दूध समेत कुल 11 नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे हैं। जब्त पनीर की कीमत करीब तीन लाख रुपये आंकी गई है, जिसे फिलहाल कर्मचारी की अभिरक्षा में रखा गया है। जांच रिपोर्ट के बाद इसे नष्ट कराया जाएगा।
इसके अलावा बांके बिहारी मंदिर क्षेत्र में गौरव डेयरी और कृष्णा मिष्ठान भंडार से पेड़े के नमूने भी लिए गए। विभाग ने स्पष्ट किया है कि दोषी पाए जाने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।