जागरण टुडे, गुड्डू यादव, कासगंज।
हरियाणा के नूंह जिले में मंगलवार सुबह हुए दर्दनाक सड़क हादसे में जालौन पुलिस की टीम की कार दुर्घटनाग्रस्त हो गई। हादसा केएमपी एक्सप्रेसवे पर धुलावट टोल प्लाजा के पास हुआ, जिसमें दो दारोगाओं, दो पुलिसकर्मियों समेत कुल पांच लोगों की मौत हो गई। पुलिस टीम एक अपहरण मामले में दबिश देने के लिए जा रही थी। हादसे की खबर मिलते ही पुलिस विभाग में शोक की लहर दौड़ गई।
मृतकों में कासगंज जनपद के पटियाली थाना क्षेत्र के गांव अलीपुर दादर निवासी उपनिरीक्षक सत्यभान सिंह भी शामिल थे। उनकी मौत की सूचना मिलते ही गांव में मातम पसर गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे इलाके में शोक का माहौल है।
उपनिरीक्षक सत्यभान सिंह पांच भाइयों में से एक थे। उनके बड़े भाई सत्यवीर सिंह गांव अलीपुर दादर में रहकर खेती करते हैं। दो भाई कीरत सिंह और बादल सिंह आगरा में रहते हैं, जबकि एक अन्य भाई गुरदेव सिंह झांसी में लेखपाल चकबंदी के पद पर तैनात हैं।
सत्यभान सिंह पिछले करीब 20 वर्षों से फतेहगढ़ और फर्रुखाबाद के बीच बढ़पुर क्षेत्र में अपने परिवार के साथ रह रहे थे। परिवार में उनके तीन बेटे और दो बेटियां हैं। बड़े बेटे मंजीत सिंह की शादी हो चुकी है और उनकी उम्र करीब 26 वर्ष है। दूसरा बेटा विशाल 23 वर्ष और सबसे छोटा बेटा बाबू 18 वर्ष का है। उनकी बड़ी बेटी आनंदी (30 वर्ष) और छोटी बेटी पूनम (28 वर्ष) की भी शादी हो चुकी है।
हादसे की खबर के बाद गांव अलीपुर दादर में लोगों का तांता लग गया। ग्रामीणों और रिश्तेदारों ने परिवार को ढांढस बंधाया। पुलिस विभाग के अधिकारियों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने भी गहरा दुख व्यक्त किया है। बताया जा रहा है कि हादसा इतना भीषण था कि कार के परखच्चे उड़ गए और मौके पर ही पांच लोगों की मौत हो गई।
पुलिस विभाग ने हादसे की जांच शुरू कर दी है। वहीं, मृतकों के पार्थिव शरीर उनके गृह जनपद लाए जाने की तैयारी की जा रही है।