सोरों, लहरा और कछला घाटों पर उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब, गंगा स्नान कर सुख-समृद्धि की कामना की
जागरण टूडे, कासगंज।
सोमवती अमावस्या का पावन पर्व जिले में श्रद्धा, आस्था और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर जनपद के प्रमुख गंगाघाटों सोरों, लहरा और कछला में श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। तड़के सुबह से ही गंगाघाटों पर "हर-हर गंगे" और "गंगा मैया की जय" के जयकारों से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। श्रद्धालुओं ने पवित्र गंगा में स्नान कर पूजा-अर्चना की तथा परिवार की सुख-समृद्धि, खुशहाली और मंगलमय जीवन की कामना की।
सोमवती अमावस्या के विशेष महत्व को देखते हुए राजस्थान, मध्य प्रदेश समेत उत्तर प्रदेश के विभिन्न जनपदों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु रविवार शाम से ही सोरों और कछला क्षेत्र में पहुंचने लगे थे। श्रद्धालुओं की भारी आमद के चलते धर्मशालाएं, गेस्ट हाउस और होटल पूरी तरह भरे नजर आए। कई स्थानों पर लोगों ने खुले स्थानों और अस्थायी शिविरों में भी रात्रि विश्राम किया।
सोमवार को भोर की पहली किरण के साथ ही श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान शुरू कर दिया। घाटों पर महिलाओं, बुजुर्गों और युवाओं की लंबी कतारें देखने को मिलीं। स्नान के बाद श्रद्धालुओं ने गंगा तट पर विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर दान-पुण्य भी किया। अनेक श्रद्धालुओं ने पितरों की शांति और परिवार के कल्याण के लिए विशेष अनुष्ठान संपन्न कराए।
श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन द्वारा व्यापक व्यवस्थाएं की गई थीं। पुलिस बल के साथ-साथ गोताखोरों और स्वास्थ्य विभाग की टीमें भी विभिन्न घाटों पर तैनात रहीं। भीड़ को नियंत्रित करने तथा किसी भी अप्रिय घटना से बचाव के लिए लगातार निगरानी की गई। प्रशासनिक अधिकारियों ने भी समय-समय पर घाटों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
दिनभर गंगाघाटों पर श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही। धार्मिक आस्था और उत्साह के इस अद्भुत संगम ने पूरे क्षेत्र को भक्तिमय वातावरण में सराबोर कर दिया।